5.9 C
New York
Wednesday, January 14, 2026
spot_img

उत्तराखण्ड में ‘मेरी योजना पोर्टल’ का शुभारंभ

जनकल्याणकारी योजनाओं की आसान पहुंच के लिए ‘मेरी योजना’ पुस्तकों के तीन संस्करण जारी

देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बुधवार को आईआरडीटी ऑडिटोरियम, सर्वे चौक में कार्यक्रम क्रियान्वयन विभाग, उत्तराखण्ड द्वारा तैयार की गई ‘मेरी योजना’ पुस्तकों पर आयोजित विचार गोष्ठी में प्रतिभाग किया। इस अवसर पर उन्होंने ‘मेरी योजना पोर्टल उत्तराखण्ड’ (myscheme.gov.in) का लोकार्पण भी किया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि “मेरी योजना”, “मेरी योजना–राज्य सरकार” और “मेरी योजना–केंद्र सरकार” तीनों संस्करणों के माध्यम से राज्य का प्रत्येक नागरिक केंद्र व राज्य सरकार की सभी योजनाओं की संपूर्ण जानकारी सरलता से प्राप्त कर सकता है और उनका लाभ उठा सकता है। जिस उद्देश्य से इन पुस्तकों का प्रकाशन कराया गया है, उस दिशा में प्रयास सार्थक सिद्ध हो रहे हैं। सरकार का उद्देश्य योजनाओं का धरातल पर प्रभावी क्रियान्वयन और प्रत्येक पात्र व्यक्ति तक समयबद्ध पहुंच सुनिश्चित करना है। ये पुस्तकें योजनाओं की संपूर्ण जानकारी के साथ आवेदन प्रक्रिया, आवश्यक दस्तावेज और पात्रता संबंधी विवरण भी उपलब्ध कराती हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश में पारदर्शिता, जवाबदेही और जनकेंद्रित नीतियों को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए नई कार्य संस्कृति स्थापित की है। आज जनहित योजनाओं का लाभ डीबीटी के माध्यम से सीधे लोगों के बैंक खातों में पहुंच रहा है। राज्य सरकार भी सरलीकरण, समाधान, निस्तारीकरण और संतुष्टि के मंत्र के साथ जनता की समस्याओं के समाधान हेतु निरंतर कार्य कर रही है। समाज कल्याण विभाग की विभिन्न पेंशन योजनाओं की धनराशि भी अब पात्र व्यक्तियों के खातों में डीबीटी के माध्यम से पहुंच रही है।

उन्होंने कहा कि राज्य में शिक्षा, स्वास्थ्य, सड़क, खेल, पेयजल और हवाई कनेक्टिविटी सहित सभी महत्वपूर्ण क्षेत्रों में आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर विकसित किया जा रहा है। वहीं ‘वोकल फॉर लोकल’, ‘मेक इन इंडिया’ और ‘स्टार्टअप इंडिया’ जैसी पहलों के माध्यम से विकसित भारत और विकसित उत्तराखण्ड के लक्ष्य को साकार करने की दिशा में भी तेजी से कार्य हो रहा है। स्थानीय अर्थव्यवस्था और पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए भी कई महत्वपूर्ण योजनाएं संचालित की जा रही हैं।

मुख्यमंत्री ने बताया कि ‘एक जनपद, दो उत्पाद’ योजना से स्थानीय आजीविका के अवसर बढ़े हैं। ‘हाउस ऑफ हिमालयाज’ ब्रांड ने पारंपरिक उत्पादों को राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाई है। ‘स्टेट मिलेट मिशन’, ‘फार्म मशीनरी बैंक’, ‘एप्पल मिशन’, ‘नई पर्यटन नीति’, ‘नई फिल्म नीति’, ‘होम स्टे’, ‘वेड इन उत्तराखण्ड’ और ‘सौर स्वरोजगार योजना’ जैसी पहलों से राज्य की स्थानीय अर्थव्यवस्था मजबूत हो रही है।

उन्होंने अपील की कि विभिन्न कार्यक्रमों में दिए जाने वाले स्मृति चिन्ह राज्य में निर्मित उत्पादों के ही हों, ताकि स्थानीय कारीगरों, महिलाओं और हस्तशिल्पियों को बढ़ावा मिल सके। मुख्यमंत्री ने कहा कि वे भी देशभर में होने वाली बैठकों और कार्यक्रमों में उत्तराखण्ड के स्थानीय उत्पाद ही भेंट करते हैं।

कार्यक्रम के दौरान मंत्री सुबोध उनियाल ने कहा कि पात्र लोगों तक योजनाओं का लाभ पहुंचाने के उद्देश्य से यह सराहनीय पहल है। एकीकृत पोर्टल के माध्यम से सभी सरकारी योजनाओं का लाभ आसानी से उपलब्ध होगा, जो अंत्योदय की भावना को सार्थक बनाता है।

सचिव कार्यक्रम क्रियान्वयन दीपक कुमार ने बताया कि विभाग का मुख्य उद्देश्य योजनाओं और सेवाओं को सरल तरीके से लाभार्थियों तक पहुंचाना है। ‘मेरी योजना’ के तीनों संस्करण राज्य और केंद्र सरकार की योजनाओं की पात्रता व प्रक्रिया की जानकारी जनसाधारण तक पहुंचाने में सहायक हैं।

इस अवसर पर विधायक खजान दास, सेतु आयोग के उपाध्यक्ष राजशेखर जोशी, जनप्रतिनिधि और विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।

Related Articles

Stay Connected

0FansLike
3,912FollowersFollow
0SubscribersSubscribe
- Advertisement -spot_img

Latest Articles