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  • आधुनिक तकनीक से बढ़ेगी दुग्ध उत्पादकों की समृद्धि

    आधुनिक तकनीक से बढ़ेगी दुग्ध उत्पादकों की समृद्धि

    प्रदेश के दुग्ध उत्पादकों को उपलब्ध कराया जाएगा ग्लोबल मार्केट

    दुग्ध उत्पादन से आय में वृद्धि करने का भी रखा गया है लक्ष्य

    गेट्स फाउंडेशन द्वारा राज्य को दिया जाएगा वित्तीय सहयोग

    देहरादून। उत्तराखण्ड में दुग्ध उत्पादन व्यवसाय से जुड़े छोटे किसानों के लिए राज्य सरकार ने एक विशेष पहल शुरु करने जा रही है। इस पहल का उद्देश्य छोटे एवं सीमांत डेयरी किसानों के लिए संसाधनों को सुदृढ़ करना है। इसके अंतर्गत राज्य में दुग्ध उत्पादन में बढ़ोत्तरी, राष्ट्रीय एवं अन्तराष्ट्रीय बाजार तक किसानों की पहुंच को और बेहतर करने के साथ ही किसानों की आय में वृद्धि पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। इस योजना के तहत प्रदेश के 2 लाख से अधिक छोटे बड़े दुग्ध पालकों को लाभ पंहुचाने का लक्ष्य रखा गया है।

    उत्तराखण्ड सरकार की तरफ से शासन स्तर पर इसकी कार्ययोजना तैयार कर दी गई है। इसी सप्ताह सचिव पशुपालन एवं डेयरी विकास विभाग डॉ बी.वी.आर.सी. पुरुषोत्तम की अध्यक्षता में इस कार्ययोजना पर बैठक भी अयोजित कर दी गई है। इस योजना में गेट्स फाउंडेशन द्वारा वित्तीय सहयोग दिया जाएगा तथा जीडीआई पाटनर्स द्वारा परामर्शी सहयोग दिया जाएगा।

    कार्यक्रम के तहत कृत्रिम गर्भाधान (Artificial Insemination&AI), भ्रूण प्रत्यारोपण (Embryo Transfer&ET), पशु आहार एवं पोषण, पशु स्वास्थ्य तथा आंचल की सहकारी समितियों एवं बाजार व्यवस्था को मजबूत करने पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। इसके माध्यम से बेहतर प्रजनन व्यवस्था एवं अधिक दुग्ध उत्पादकता को बढ़ावा दिया जाएगा। साथ ही, मिनी फीड मिलों की स्थापना, संतुलित पशु आहार तैयार करने को प्रोत्साहन, पशु स्वास्थ्य सेवाओं तक बेहतर पहुंच तथा सहकारी दुग्ध संग्रहण एवं प्रसंस्करण नेटवर्क के विस्तार की दिशा में कार्य किया जाएगा।

    2 लाख किसानों तक पंहुच का लक्ष्य

    इस कार्यक्रम में समग्र रुप से प्रदेश के 2 लाख से अधिक डेयरी किसानों तक पहुंच बनाने का लक्ष्य रखा गया है। इसके माध्यम से बेहतर प्रजनन, पोषण, पशु स्वास्थ्य सेवाओं तथा बाजार तक पहुंच के जरिए किसानों को लाभान्वित किया जाएगा।

    कार्यक्रम के अंतर्गत तकनीक आधारित नवाचार का व्यापक उपयोग किया जाएगा। इनमें पशु स्वास्थ्य संबंधी एडवाइजरी, गर्भधारण की जांच के लिए किट तथा कम लागत वाली कृत्रिम गर्भाधान (AI) सेवाएं शामिल हैं। इन तकनीकी समाधानों का उद्देश्य पशुधन संबंधी सेवाओं को किसानों के लिए अधिक सुलभ, प्रभावी और उपयोगी बनाना है।

    शासन स्तर पर हुई बैठक में सचिव, पशुपालन, मत्स्य एवं डेयरी विकास, उत्तराखंड सरकार द्वारा की गई। बैठक में निदेशक पशुपालन डॉ. उदय शंकर, निदेशक, डेयरी विकास सुश्री इला गिरी, सीईओ पशुधन विकास बोर्ड डॉ. राकेश सिंह नेगी, गेट्स फाउंडेशन की प्रतिनिधि सुश्री निधि जैन तथा सुश्री प्रियंका काकडू उपस्थित रहे।

  • मतदाता बनने का मौका, नाम जोड़ने को विशेष अभियान

    मतदाता बनने का मौका, नाम जोड़ने को विशेष अभियान

    8 से 10 अक्टूबर तक सभी बूथों पर विशेष कैंप लगाएंगे बीएलओ

    अभियान में बूथवार सूची तैयार करेंगे सभी बीएलओ

    12 अक्टूबर से 20 अक्टूबर तक घर-घर सत्यापन करेंगे बीएलओ

    बीएलओ के साथ बीएलए और बैग ग्रुप के सदस्य भी रहेंगे मौजूद

    देहरादून। भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार प्रदेश में मतदाता सूची में नाम शामिल करने के लिए विशेष अभियान चलाया जाएगा। मुख्य निर्वाचन अधिकारी डॉ. बी.वी.आर.सी. पुरुषोत्तम ने बुधवार को सचिवालय स्थित मीडिया सेंटर में प्रेस कॉफ्रेंस कर इस अभियान के बारे में विस्तृत जानकारी दी।

    मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि प्रदेश में 8 से 10 अक्टूबर को सभी 12,543 मतदान केंद्रों पर बूथ लेवल अधिकारी विशेष कैंप कर प्री-एसआईआर एवं एसआईआर अभियान के तहत एएसडीडी सूची में शामिल मतदाताओं का सत्यापन कर पात्र मतदाताओं की सूची तैयार करेंगे। दिनांक 12 अक्टूबर से 20 अक्टूबर 2026 तक बीएलओ घर-घर जाकर जिनकी सूची तैयार की गई है उन्हें फार्म 6 भवाएंगे।

    मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि सभी जनपदों को निर्देश दिए गए हैं कि इस अभियान में राजनैतिक दलों के बूथ लेवल एजेंट और बूथ अवेयरनेस ग्रुप के सदस्यों को भी शामिल किया जाए। उन्होंने बताया कि इस अभियान में बीएलओ वर्तमान मतदाता सूची का प्री-एसआईआर से पहले की सूची से मिलान करेंगे। वे ऐसे मतदाताओं की पहचान करेंगे जिनके नाम एसआईआर से पहले की सूची में शामिल थे, लेकिन मौजूदा सूची में नहीं हैं। बीएलओ चिन्हित मतदाताओं के घर-घर जाकर उनकी मौजूदा स्थिति का पता लगाएंगे और जो लोग योग्य पाए जाएंगे, उनका नाम वोटर लिस्ट में शामिल करने के लिए विधिवत फॉर्म 6 भरवाने में मदद करेंगे।

    बीएलओ घर-घर जाने के दौरान यह भी सुनिश्चित करेंगे कि जो व्यक्ति 1 अक्टूबर 2026 को 18 वर्ष की आयु पूर्ण कर मतदाता बनने के लिए पात्र हो रहे हैं उनके भी फॉर्म 6 भरे जाऐं। बीएलओ इस सूची को मान्यता प्राप्त राजनैतिक दलों के बूथ लेवल एजेंट्स के साथ साझा करेंगे। इस प्रक्रिया के आखिर चरण में ईआरओ बूथवार सूची को राजनैतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ भी साझा करेंगे, ताकि उन्हें छूटे हुए मतदाताओं का नाम सूची में शामिल करवाने का एक और अवसर मिल सके।

    प्रेस कांफ्रेंस में अपर मुख्य निर्वाचन अधिकारी डॉ. विजय कुमार जोगदंडे, सहायक मुख्य निर्वाचन अधिकारी मस्तूदास उपस्थित रहे।

  • पीएम मोदी की 25 वर्ष की जनसेवा यात्रा प्रेरणादायी: मुख्यमंत्री धामी

    पीएम मोदी की 25 वर्ष की जनसेवा यात्रा प्रेरणादायी: मुख्यमंत्री धामी

    धामी ने काशी विश्वनाथ मंदिर में की विशेष पूजा

    धामी ने पीएम मोदी को दी बधाई, कहा- जनसेवा और सुशासन की 25 वर्ष की यात्रा प्रेरणादायी

    उत्तरकाशी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सार्वजनिक जीवन और राष्ट्रसेवा के 25 वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बुधवार को उत्तरकाशी स्थित पौराणिक काशी विश्वनाथ मंदिर में विशेष पूजा-अर्चना की।

    उन्होंने बाबा विश्वनाथ से प्रधानमंत्री मोदी के स्वस्थ, दीर्घायु और यशस्वी जीवन की कामना की।

    मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सार्वजनिक जीवन के 25 वर्ष राष्ट्रसेवा, जनकल्याण और देश के विकास के प्रति समर्पण की यात्रा रहे हैं। 7 अक्टूबर 2001 को गुजरात के मुख्यमंत्री के रूप में शुरू हुई उनकी जनसेवा की यात्रा आज विकसित और आत्मनिर्भर भारत के निर्माण के संकल्प के साथ निरंतर आगे बढ़ रही है।

    उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री ने अपने सार्वजनिक जीवन में गरीब कल्याण, महिला सशक्तिकरण, युवा उत्थान, आधुनिक बुनियादी ढांचे के विकास और देश की सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण को प्राथमिकता दी है। अंतिम पंक्ति में खड़े व्यक्ति तक विकास का लाभ पहुंचाने का उनका संकल्प प्रेरणादायी है।

    धामी ने कहा कि प्रधानमंत्री के मार्गदर्शन में देश विकास के नए आयाम स्थापित कर रहा है। उत्तराखंड सरकार भी उनके मार्गदर्शन और प्रेरणा से राज्य को देश के अग्रणी राज्यों में शामिल करने के लिए प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही है।
    मुख्यमंत्री ने कहा कि देवभूमि उत्तराखंड की पवित्र धरती पर बाबा विश्वनाथ से प्रधानमंत्री मोदी के दीर्घ एवं सफल सार्वजनिक जीवन के लिए आशीर्वाद लेना उनके लिए सौभाग्य का विषय है। उन्होंने प्रधानमंत्री के स्वस्थ और दीर्घायु जीवन की कामना करते हुए जनसेवा एवं सुशासन के 25 वर्ष पूर्ण होने पर शुभकामनाएं दीं।

  • गढ़ भोज दिवस: व्याख्यान और प्रदर्शनी का आयोजन

    गढ़ भोज दिवस: व्याख्यान और प्रदर्शनी का आयोजन

    नरेंद्रनगर। धर्मानंद उनियाल राजकीय महाविद्यालय में उत्तराखंड के पारंपरिक खाद्य संस्कृति एवं स्थानीय मोटे अनाजों के महत्व एवं आर्थिक महत्व पर व्याख्यान तथा प्रदर्शनी का आयोजन किया गया।

    सांस्कृतिक समिति के सदस्य डॉ० जितेंद्र नौटियाल ने कार्यक्रम के उद्देश्यों पर प्रकाश डालते हुए सभी प्रतिभागियों का स्वागत किया।
    कार्यक्रम में बीएससी गृह विज्ञान विभाग प्रभारी डॉ सोनी तिलारा द्वारा पारंपरिक मोटे अनाजों खाद्य पदार्थों जैसे चौलाई के लड्डू , मंडवा, झंगोरा ,कोनी, नौरंगी दाल,जख्या, भांग, भांजीरा, भट्ट की दाल आदि के पोषक मूल्य के बारे में छात्र-छात्राओं एवं आगंतुकों को विस्तार पूर्वक समझाया गया।

    वाणिज्य विभाग की सहायक प्रध्यापिका डॉ भारती जायसवाल ने पारंपरिक व्यंजनों के आर्थिक महत्व पर प्रकाश डालने के साथ ही वैश्विक पटल पर इन खाद्यानों की ब्रांडिंग हेतु आगे बढ़ कर कार्य करने का सुझाव रखा गया।

    महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ विजय सिंह नेगी ने छात्र-छात्राओं के साथ ही सभी उपस्थित जन से स्थानीय खाद्य पदार्थों के ज्यादा से ज्यादा उपयोग हेतु आह्वान किया। सभी ने झींगोर की खीर, ककड़ी और लूण मारसे के लड्डू, अरसे का स्वाद लिया । कार्यक्रम में महाविद्यालय के छात्र-छात्राएं एवं समस्त स्टाफ उपस्थित रहे।

  • देहरादून में ट्रिपल मर्डर से मचा हड़कंप

    देहरादून में ट्रिपल मर्डर से मचा हड़कंप

    बुजुर्ग दंपति और महिला की हत्या, प्लंबर हिरासत में

    प्लंबिंग के काम के बाद विवाद में तीन हत्याएं, पुलिस पूछताछ में जुटी

    देहरादून। रायपुर क्षेत्र में बुजुर्ग दंपति और एक महिला की हत्या के मामले में पुलिस ने एक संदिग्ध अभियुक्त को हिरासत में लिया है। हिरासत में लिया गया व्यक्ति प्लंबर का काम करता है और बुजुर्ग दंपति का पूर्व परिचित बताया जा रहा है।

    प्रारंभिक पुलिस जांच के अनुसार बुजुर्ग दंपति ने प्लंबिंग के काम के लिए अभियुक्त को मंगलवार को अपने घर बुलाया था। काम पूरा होने के बाद किसी बात को लेकर दंपति और अभियुक्त के बीच विवाद हो गया। आरोप है कि विवाद के दौरान अभियुक्त ने अकेले ही तीनों की हत्या कर दी।

    घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल को कब्जे में लेकर जांच शुरू की। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक समेत पुलिस के अन्य अधिकारियों ने घटनास्थल का निरीक्षण कर मामले की जानकारी ली।

    पुलिस ने अभियुक्त को हिरासत में लेकर उससे पूछताछ शुरू कर दी है। हत्या के कारण, घटनाक्रम और वारदात में प्रयुक्त हथियार समेत अन्य पहलुओं की जांच की जा रही है। पुलिस साक्ष्यों के आधार पर मामले की कड़ियां जोड़ने में जुटी है।

    कांग्रेस नेता सूर्यकांत धस्माना ने कानून व्यवस्था पर पुलिस पर प्रहार किए।

  • नवम्बर से शुरू होगा वृद्धावस्था पेंशन का लाभ

    नवम्बर से शुरू होगा वृद्धावस्था पेंशन का लाभ

    सेवा संकल्प अभियान

    बुजुर्गों को मिला सामाजिक सुरक्षा कवच

    देहरादून। जनपद में पात्र बुजुर्गों को सामाजिक सुरक्षा योजनाओं से जोड़ने के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा है। अभियान के तहत नगर निकायों, तहसीलों, विकासखंडों एवं ग्राम पंचायत स्तर पर पात्र बुजुर्गों का चिन्हीकरण किया जा रहा है। जिला प्रशासन द्वारा सितंबर माह में विशेष अभियान चलाते हुए 708 पात्र वृद्धजनों को चिन्हित किए गए हैं, जिनकी आवश्यक औपचारिकताएं पूर्ण कर ली गई हैं।

    सेवा संकल्प अभियान के तहत् माह जुलाई 2026 से सितम्बर माह तक 1611 वृद्धजनों को चिन्हित किया गया है जिन्हें जल्द ही माह नवम्बर 2026 से पेंशन प्राप्त होगी।

    समाज कल्याण विभाग द्वारा नवंबर माह के प्रथम सप्ताह में वृद्धावस्था पेंशन की धनराशि लाभार्थियों के बैंक खातों में हस्तांतरित की जाएगी। पात्र बुजुर्गों को रू0 1500 प्रतिमाह वृद्धावस्था पेंशन प्रदान की जाती है। समाज कल्याण विभाग द्वारा निर्धारित पात्रता के अनुसार 60 वर्ष से अधिक आयु के पात्र बुजुर्गों को रू0 1500 प्रतिमाह वृद्धावस्था पेंशन प्रदान की जाती है। पात्रता पूरी होने पर पति-पत्नी दोनों को पेंशन का लाभ मिलने की स्थिति में परिवार को कुल रू0 3000 प्रतिमाह बैंक खाते के माध्यम से प्राप्त होते हैं।

    जिला प्रशासन द्वारा सितंबर माह में वृद्धावस्था पेंशन से वंचित पात्र बुजुर्गों को चिन्हित कर उन्हें योजना से जोड़ने के लिए विशेष अभियान प्रारंभ किया गया। अभियान के तहत नगरीय एवं ग्रामीण क्षेत्रों में ऐसे बुजुर्गों की जानकारी जुटाई गई, जो पात्र होने के बावजूद अभी तक वृद्धावस्था पेंशन का लाभ नहीं ले पा रहे थे। अभियान के परिणामस्वरूप जुलाई माह से अब तक 1611 पात्र बुजुर्गों को समाज कल्याण विभाग की योजनाओं से लाभान्वित किया जा चुका है, जबकि पात्र लाभार्थियों को योजनाओं से जोड़ने की प्रक्रिया निरंतर जारी है।

    डीएम डॉ आशीष चौहान ने कहा कि वृद्धावस्था में आर्थिक सुरक्षा किसी पात्र व्यक्ति पर उपकार नहीं, बल्कि उसका अधिकार है। एक-एक पात्र व्यक्ति तक सरकार की योजना का समयबद्ध लाभ पंहुचाना जिला प्रशासन की प्राथमिकता है। उन्होंने सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि क्षेत्र भ्रमण एवं सर्वे के दौरान पात्र बुजुर्गों की पहचान कर उन्हें योजनाओं से जोड़ें तथा आवेदन एवं दस्तावेजी प्रक्रिया में आवश्यक सहयोग दें। उन्होंने कहा कि किसी भी पात्र बुजुर्ग का आवेदन अनावश्यक रूप से लंबित न रहे।

    जिलाधिकारी डॉ आशीष चौहान के निर्देश पर जिला प्रशासन द्वारा जनपद में पात्र एवं जरूरतमंद बुजुर्गों को सरकार की जनकल्याणकारी एवं सामाजिक सुरक्षा योजनाओं से जोड़ने के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा है।

    अभियान का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि कोई भी पात्र बुजुर्ग जानकारी के अभाव, आर्थिक कठिनाई अथवा आवेदन प्रक्रिया की जटिलता के कारण अपने अधिकार से वंचित न रहे। उन्होंने सभी संबंधित विभागों, नगर निकायों, विकासखंडों एवं तहसीलों को निर्देश दिए हैं कि अपने-अपने क्षेत्रों में पात्र बुजुर्गों का चिन्हीकरण करते हुए उन्हें वृद्धावस्था पेंशन सहित अन्य पात्र योजनाओं का लाभ दिलाना सुनिश्चित करें। प्रशासन का लक्ष्य केवल योजनाओं का प्रचार-प्रसार करना नहीं, बल्कि एक-एक पात्र व्यक्ति तक योजना का वास्तविक लाभ पहुंचाना है।

    जिलाधिकारी के निर्देश पर नगर निगम, नगर पालिका, नगर पंचायत, नगर परिषद, तहसील, विकासखंड एवं ग्राम पंचायत स्तर पर पात्र बुजुर्गों के चिन्हीकरण की कार्रवाई की गई। संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि अपने क्षेत्र में ऐसे बुजुर्गों की पहचान करें, जो पात्र होने के बावजूद किसी कारण से पेंशन योजना से नहीं जुड़ पाए हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में ग्राम पंचायत स्तर पर आवश्यक कार्रवाई एवं प्रस्ताव के साथ पात्र लाभार्थियों के आवेदन आगे बढ़ाए जाने तथा शहरी क्षेत्रों में संबंधित तहसील एवं स्थानीय निकायों के माध्यम से आवश्यक औपचारिकताएं पूर्ण कराने पर विशेष जोर दिया गया।

    जिलाधिकारी डॉ आशीष चौहान ने कहा कि वृद्धावस्था में आर्थिक सुरक्षा किसी पात्र व्यक्ति पर उपकार नहीं, बल्कि उसका अधिकार है। जिला प्रशासन का प्रयास है कि प्रत्येक पात्र बुजुर्ग तक शासन की पेंशन एवं अन्य सामाजिक सुरक्षा योजनाओं का लाभ सम्मानपूर्वक पहुंचे। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि पात्र लाभार्थियों को योजना का लाभ दिलाने में संवेदनशीलता एवं मानवीय दृष्टिकोण के साथ कार्य करें। उन्होंने कहा कि “एक-एक पात्र व्यक्ति तक सरकार की योजना पहुंचे” यह जिला प्रशासन की प्राथमिकता है। किसी भी पात्र बुजुर्ग को जानकारी के अभाव अथवा प्रक्रिया की कठिनाई के कारण योजना से वंचित नहीं रहने दिया जाएगा।

    वृद्धावस्था पेंशन के लिए ऑनलाइन आवेदन की व्यवस्था की गई है। पात्र बुजुर्ग स्वयं अथवा अपने परिजनों की सहायता से नजदीकी सीएससी सेंटर के माध्यम से समाज कल्याण विभाग के पोर्टल/वेबसाईट https://ssp.uk.gov.in/ पर ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं।

  • सेवा-स्नेह और संवाद से जन-जन तक पहुंचेगी सरकार

    सेवा-स्नेह और संवाद से जन-जन तक पहुंचेगी सरकार

    स्वस्थ बचपन और सशक्त मातृशक्ति, सशक्त उत्तराखंड की मजबूत नींव : मुख्यमंत्री धामी

    मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने खटीमा में ‘आंगन मिलन’ कार्यक्रम में किया प्रतिभाग

    खटीमा। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सोमवार को खटीमा के आंगनबाड़ी केंद्र गोसीकुआ भुड़ाई में आयोजित ‘आंगन मिलन’ कार्यक्रम में प्रतिभाग किया। इस दौरान मुख्यमंत्री ने बच्चों, गर्भवती महिलाओं, माताओं तथा आंगनबाड़ी एवं आशा कार्यकत्रियों से आत्मीय संवाद कर सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं और सेवाओं की जानकारी ली।

    मुख्यमंत्री ने आंगनबाड़ी केंद्र पहुंचकर नन्हे-मुन्ने बच्चों को दुलार किया और उनसे बातचीत कर उनके मन की बात जानी। उन्होंने बच्चों को अपने हाथों से भोजन परोसा और उनके साथ बैठकर आत्मीयता से समय बिताया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने गोदभराई रस्म में प्रतिभाग कर गर्भवती महिलाओं को आशीर्वाद दिया तथा 10 गर्भवती महिलाओं को पौष्टिक आहार सामग्री की किट वितरित की। उन्होंने 10 लाभार्थियों को महालक्ष्मी किट भी प्रदान की। मुख्यमंत्री ने 05 नन्हे बच्चों का अपने हाथों से अन्नप्राशन संस्कार कराया। इस अवसर पर उन्होंने 09 आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों एवं 02 आशा कार्यकत्रियों को सम्मानित भी किया।

    मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम के दौरान समृद्धि एवं हरियाली के प्रतीक के रूप में पौधरोपण भी किया।

    प्रधानमंत्री मोदी के 25 वर्ष के सार्वजनिक जीवन की यात्रा प्रेरणादायी

    मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मुख्यमंत्री एवं प्रधानमंत्री के रूप में सार्वजनिक जीवन के 25 वर्ष पूर्ण किए हैं। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश के सभी वर्गों के कल्याण और राष्ट्रहित में अनेक महत्वपूर्ण निर्णय लिए हैं। कर्मयोगी एवं साधक के रूप में उनका कार्य, समर्पण और सेवा भाव देशवासियों के लिए प्रेरणास्रोत है।

    सेवा, स्नेह और संवाद को हर घर तक पहुंचाने का माध्यम है ‘आंगन मिलन’

    मुख्यमंत्री ने कहा कि ‘आंगन मिलन’ कार्यक्रम सेवा, स्नेह और संवाद को प्रत्येक व्यक्ति और हर घर तक पहुंचाने का माध्यम है। प्रदेशभर में ऐसे कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि आंगनबाड़ी केंद्र केवल बच्चों को पोषण उपलब्ध कराने के केंद्र नहीं हैं, बल्कि बच्चों के स्वस्थ भविष्य, संस्कार, प्रारंभिक शिक्षा और सर्वांगीण विकास की नींव तैयार करने वाले महत्वपूर्ण केंद्र हैं।

    मुख्यमंत्री ने आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों की सराहना करते हुए कहा कि वे बच्चों की देखभाल और पोषण के साथ-साथ सरकार की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ पात्र लोगों तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं। उन्होंने कहा कि आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों की सेवा और समर्पण समाज के लिए अनुकरणीय है। मुख्यमंत्री ने अपने व्यक्तिगत अनुभव साझा करते हुए कहा कि उनके स्वयं के बच्चे भी नगला तराई स्थित आंगनबाड़ी केंद्र में पढ़े हैं।

    माताओं और बच्चों का स्वास्थ्य एवं पोषण सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में

    मुख्यमंत्री ने कहा कि माताओं और बच्चों का स्वास्थ्य एवं पोषण राज्य सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है। महालक्ष्मी किट योजना, पोषण योजनाओं और मुख्यमंत्री महिला पोषण योजना सहित अनेक योजनाओं के माध्यम से माताओं एवं बच्चों को आवश्यक सहायता एवं पोषण उपलब्ध कराया जा रहा है।

    उन्होंने कहा कि दुर्गम एवं दूरस्थ क्षेत्रों की गर्भवती महिलाओं को सुरक्षित प्रसव की सुविधा उपलब्ध कराने के लिए बर्थ वेटिंग होम की व्यवस्था की जा रही है। आवश्यकता पड़ने पर गर्भवती महिलाओं को हेली एंबुलेंस की सुविधा भी उपलब्ध कराई जा रही है। जननी शिशु सुरक्षा कार्यक्रम के माध्यम से गर्भवती महिलाओं एवं नवजात शिशुओं को आवश्यक स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं।

    मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना के माध्यम से गर्भवती एवं धात्री महिलाओं को आर्थिक सहायता उपलब्ध कराई जा रही है, ताकि उन्हें आवश्यक पोषण एवं स्वास्थ्य सुविधाएं मिल सकें। उन्होंने कहा कि प्रारंभिक बाल्यावस्था जीवन का अत्यंत महत्वपूर्ण चरण है। इस दौरान बच्चों को पौष्टिक आहार, उचित देखभाल, प्रारंभिक शिक्षा और अच्छे संस्कार मिलें तो उनके स्वस्थ एवं सशक्त भविष्य की मजबूत नींव रखी जा सकती है।

    कोई बच्चा कुपोषित न रहे, सरकार का विकल्परहित संकल्प

    मुख्यमंत्री ने कहा कि बच्चों के पोषण और स्वस्थ भविष्य की जिम्मेदारी केवल सरकार की नहीं, बल्कि पूरे समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है। सरकार का प्रयास है कि आंगनबाड़ी केंद्र बच्चों के अच्छे पोषण, बेहतर स्वास्थ्य, प्रारंभिक शिक्षा, संस्कार एवं सर्वांगीण विकास के केंद्र बनें।

    उन्होंने कहा कि आंगनबाड़ी कार्यकर्ता सरकार की योजनाओं को धरातल तक पहुंचाने और बच्चों के भविष्य को संवारने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं। मुख्यमंत्री ने उनकी सेवा भावना और समर्पण को नमन करते हुए कहा कि जब सरकार, समाज और परिवार तीनों मिलकर माताओं एवं बच्चों के स्वास्थ्य और पोषण की जिम्मेदारी निभाते हैं, तो स्वस्थ एवं सशक्त उत्तराखंड की नींव और अधिक मजबूत होती है।

    मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार का विकल्परहित संकल्प है कि उत्तराखंड में कोई भी बच्चा कुपोषित न रहे और प्रत्येक बच्चे को स्वस्थ, सुरक्षित एवं संस्कारयुक्त वातावरण मिले।

  • आयुष एवं ईएसआई विभाग में नव नियुक्त कार्मिकों को नियुक्ति पत्र वितरित

    आयुष एवं ईएसआई विभाग में नव नियुक्त कार्मिकों को नियुक्ति पत्र वितरित

    नव नियुक्त कार्मिक सेवाभाव, संवेदनशीलता और समर्पण के साथ निभाएं जिम्मेदारी – मुख्यमंत्री

    देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सोमवार को मुख्यमंत्री कैम्प कार्यालय स्थित मुख्य सेवक सदन में आयोजित कार्यक्रम में आयुष विभाग के 271 तथा कर्मचारी राज्य बीमा योजना के अंतर्गत 61 एलोपैथिक फार्मेसी अधिकारियों सहित कुल 332 नव नियुक्त कार्मिकों को नियुक्ति पत्र प्रदान किए। मुख्यमंत्री ने सभी नव नियुक्त कार्मिकों को शुभकामनाएं देते हुए उनसे सेवाभाव, संवेदनशीलता और समर्पण के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करने का आह्वान किया।

    मुख्यमंत्री ने कहा कि नियुक्ति पत्र प्राप्त करना युवाओं के जीवन का एक महत्वपूर्ण पड़ाव है। इसके साथ ही उनके जीवन में जनसेवा की नई जिम्मेदारी भी शुरू होती है। उन्होंने कहा कि नव नियुक्त कार्मिक अपने सरकारी दायित्व को केवल नौकरी के रूप में न देखें, बल्कि समाज के अंतिम छोर पर खड़े व्यक्ति के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाने का माध्यम बनाएं। आयुष विभाग और कर्मचारी राज्य बीमा योजना से जुड़े कार्मिकों की भूमिका सीधे लोगों के स्वास्थ्य और जीवन से जुड़ी हुई है।

    मुख्यमंत्री ने कहा कि दूर-दराज के क्षेत्रों से उपचार के लिए सरकारी स्वास्थ्य केंद्रों और अस्पतालों तक पहुंचने वाले लोगों के मन में व्यवस्था के प्रति एक भरोसा होता है। कार्मिकों की संवेदनशीलता, तत्परता और कार्यकुशलता इस भरोसे को और मजबूत करती है। उन्होंने नव नियुक्त कार्मिकों से कहा कि वे जहां भी सेवाएं दें, अपनी कार्यशैली से उदाहरण प्रस्तुत करें। अस्पताल या स्वास्थ्य केंद्र पहुंचने वाला प्रत्येक व्यक्ति एक उम्मीद लेकर आता है और कार्मिकों का सही निर्णय तथा ईमानदार प्रयास जरूरतमंद के जीवन में बड़ा बदलाव ला सकता है।

    मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार ने प्रदेश की भर्ती व्यवस्था को पारदर्शी और निष्पक्ष बनाने के लिए प्रभावी कदम उठाए हैं। नकल माफिया पर कठोर कार्रवाई के साथ ही सख्त नकल विरोधी कानून लागू किया गया है। उन्होंने कहा कि आज प्रदेश के युवाओं को उनकी मेहनत और योग्यता के आधार पर सरकारी सेवाओं में अवसर मिल रहे हैं। पिछले पांच वर्षों में 35 हजार से अधिक युवाओं को सरकारी नौकरी मिली है। यह राज्य में पारदर्शी भर्ती व्यवस्था के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाता है।

    मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखण्ड देवभूमि होने के साथ योग, आयुर्वेद और औषधीय जड़ी-बूटियों की समृद्ध परंपरा वाला राज्य है। राज्य सरकार उत्तराखण्ड को मॉडल ‘आयुष प्रदेश’ और ‘ग्लोबल वेलनेस हब’ के रूप में विकसित करने की दिशा में निरंतर कार्य कर रही है। प्रदेश के सभी जनपदों में आयुष सेवाओं का विस्तार करने के साथ पंचकर्म सेवाओं को आधुनिक बनाया जा रहा है तथा आयुर्वेद उत्कर्ष केंद्र स्थापित किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि ई-संजीवनी के माध्यम से लोगों को घर बैठे विशेषज्ञ परामर्श की सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है। ‘आयुष सेतु पोर्टल’ भी इस दिशा में महत्वपूर्ण पहल है। प्रदेश के अनेक होमस्टे को निकटवर्ती आयुर्वेद चिकित्सालयों की वेलनेस सेवाओं से जोड़ा गया है। राज्य सरकार का प्रयास है कि उत्तराखण्ड आने वाले लोगों को योग, आयुर्वेद और पंचकर्म के माध्यम से स्वास्थ्य एवं मानसिक शांति का बेहतर अनुभव मिले।

    मुख्यमंत्री ने कहा कि कर्मचारी राज्य बीमा योजना की स्वास्थ्य सेवाओं का भी लगातार विस्तार किया जा रहा है। पूर्व में ईएसआई योजना प्रदेश के छह जनपदों में संचालित थी, जिसे अब सभी 13 जनपदों तक पहुंचाया गया है। रुद्रपुर में 100 बेड के ईएसआई अस्पताल का संचालन शुरू हो चुका है, जबकि हरिद्वार में 300 बेड के ईएसआई अस्पताल का निर्माण कार्य चल रहा है। काशीपुर में भी ईएसआई अस्पताल के लिए भूमि चिन्हित की गई है। इसके साथ ही स्वास्थ्य सेवाओं को और सुदृढ़ करने के लिए 47 नए चिकित्सा अधिकारियों की भर्ती प्रक्रिया अंतिम चरण में है।

    मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार का लक्ष्य प्रत्येक व्यक्ति को बेहतर और सुलभ स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराना है। उन्होंने नव नियुक्त कार्मिकों से पूरी निष्ठा, ईमानदारी और सेवाभाव के साथ कार्य करने की अपेक्षा करते हुए कहा कि युवाओं की ऊर्जा और क्षमता विकसित एवं सशक्त उत्तराखण्ड के निर्माण के संकल्प को पूरा करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।

    आयुष एवं आयुष शिक्षा मंत्री मदन कौशिक ने नव नियुक्त कार्मिकों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि राज्य सरकार प्रदेश में आयुष सेवाओं को और अधिक सुदृढ़ एवं जनसुलभ बनाने की दिशा में निरंतर कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि नव नियुक्त कार्मिकों के आने से विभाग की कार्यक्षमता बढ़ने के साथ ही प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों में आयुष स्वास्थ्य सेवाओं को और मजबूती मिलेगी। उन्होंने नव नियुक्त कार्मिकों से अपने दायित्वों का पूरी निष्ठा, संवेदनशीलता और सेवाभाव के साथ निर्वहन करते हुए आमजन को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने में सक्रिय भूमिका निभाने की अपेक्षा की।

    इस अवसर पर राज्यसभा सांसद नरेश बंसल, विधायक उमेश शर्मा काऊ, सविता कपूर, सचिव श्रम श्रीधर बाबू अद्दांकी, सचिव आयुष एवं आयुष शिक्षा रंजना राजगुरू, अपर सचिव विजय कुमार जोगदण्डे, आकांक्षा कोण्डे एवं संबंधित विभागीय अधिकारी मौजूद थे।

  • मतदाता सूची से नाम कटने पर गरमाई सियासत, आयोग-भाजपा पर आरोप

    मतदाता सूची से नाम कटने पर गरमाई सियासत, आयोग-भाजपा पर आरोप

    कांग्रेस जाएगी कोर्ट, एसआईआर में 13.85 लाख वोट काटे

    देहरादून। उत्तराखंड कांग्रेस की एसआईआर कमेटी के अध्यक्ष एवं पूर्व विधायक मनोज रावत ने आरोप लगाया कि एसआईआर प्रक्रिया के दौरान प्रदेश में 13.85 लाख मतदाताओं के नाम काटे गए। उन्होंने इसे छोटे राज्य में वोटों की बड़ी लूट बताते हुए कहा कि प्री-एसआईआर और एसआईआर प्रक्रिया में हुई मतदाता कटौती के वास्तविक आंकड़े निर्वाचन आयोग सार्वजनिक नहीं कर रहा है।

    कांग्रेस भवन में आयोजित पत्रकार वार्ता में रावत ने कहा कि फॉर्म-7 को ऑटो जनरेट करने, भाजपा कार्यकर्ताओं की कथित फर्जी शिकायतों का संज्ञान लेने और फर्जी शिकायतकर्ताओं के खिलाफ कार्रवाई नहीं किए जाने से कई सवाल खड़े होते हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि पात्र मतदाताओं के नाम मतदाता सूची से हटाने में निर्वाचन आयोग और भाजपा की मिलीभगत रही है।

    रावत ने कहा कि उत्तराखंड में करीब 14 प्रतिशत मतदाताओं के नाम काटा जाना वोट चोरी की बड़ी वारदात है। कांग्रेस इस मामले को लेकर न्यायालय का दरवाजा खटखटाएगी। उन्होंने कहा कि कांग्रेस के बीएलओ की सजगता के कारण आयोग के कथित मंसूबे पूरी तरह सफल नहीं हो पाए और अधिकांश पात्र मतदाताओं के नाम मतदाता सूची में शामिल रह सके।

    उन्होंने आगामी समय में फॉर्म-6 के माध्यम से नए मतदाताओं को जोड़ने की प्रक्रिया को भी असंगत बताया। रावत ने कहा कि मतदाता सूची में नाम जोड़ने और हटाने की पूरी प्रक्रिया पारदर्शी होनी चाहिए तथा निर्वाचन आयोग को एसआईआर से जुड़े सभी वास्तविक आंकड़े सार्वजनिक करने चाहिए।

    पत्रकार वार्ता में प्रदेश महासचिव राजेंद्र भंडारी, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष (अल्पसंख्यक) हाजी सुलेमान अंसारी, मुख्य प्रवक्ता गरिमा मेहरा दसौनी, एसआईआर कमेटी के सदस्य अमेंद्र बिष्ट और अधिवक्ता संदीप चमोली मौजूद रहे।

  • नानकमत्ता में CM ने चलाया स्वच्छता अभियान

    नानकमत्ता में CM ने चलाया स्वच्छता अभियान

    स्वच्छता को जीवनशैली बनाएं, धार्मिक व सार्वजनिक स्थलों की सफाई सामूहिक जिम्मेदारी- धामी

    नानकमत्ता। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सोमवार को ‘सेवा संकल्प अभियान’ के तहत गुरुद्वारा नानकमत्ता साहिब परिसर में आयोजित स्वच्छता कार्यक्रम में प्रतिभाग कर श्रमदान किया। उन्होंने स्वयं साफ-सफाई कर लोगों को स्वच्छता को जीवनशैली का हिस्सा बनाने का संदेश दिया।

    इससे पहले मुख्यमंत्री ने गुरुद्वारा नानकमत्ता साहिब में मत्था टेककर प्रदेशवासियों की सुख-समृद्धि और खुशहाली की कामना की। गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी की ओर से मुख्यमंत्री को सरोपा और स्मृति चिह्न भेंट किया गया।

    धामी ने कहा कि धार्मिक स्थलों की पवित्रता बनाए रखने के साथ आसपास के परिवेश को स्वच्छ रखना सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है। उत्तराखंड धार्मिक और पर्यटन की दृष्टि से महत्वपूर्ण राज्य है। यहां देश-विदेश से बड़ी संख्या में श्रद्धालु और पर्यटक आते हैं। ऐसे में धार्मिक एवं पर्यटन स्थलों के साथ बस अड्डों, रेलवे स्टेशनों, अस्पतालों, सरकारी कार्यालयों और अन्य सार्वजनिक स्थानों पर स्वच्छता बनाए रखने के लिए निरंतर प्रयास जरूरी हैं।

    मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जनसेवा के प्रति समर्पण का उल्लेख करते हुए कहा कि उनके नेतृत्व में सेवा, स्वच्छता और जनभागीदारी की भावना को नई मजबूती मिली है। प्रधानमंत्री के जन्मदिवस 17 सितंबर से प्रदेश में शुरू हुए ‘सेवा संकल्प अभियान’ के तहत सेवा, जनभागीदारी, संवाद और नवाचार से जुड़े विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। इसी क्रम में नानकमत्ता साहिब में स्वच्छता कार्यक्रम आयोजित किया गया।

    उन्होंने कहा कि स्वच्छता किसी एक अभियान या कार्यक्रम तक सीमित नहीं रहनी चाहिए। इसे निरंतर जनभागीदारी के माध्यम से आगे बढ़ाते हुए प्रत्येक नागरिक को अपने आसपास के क्षेत्र को स्वच्छ रखने में योगदान देना चाहिए।

    इस अवसर पर जिला पंचायत अध्यक्ष अजय मौर्य, भाजपा जिलाध्यक्ष कमल जिंदल, नगर पंचायत अध्यक्ष प्रेम सिंह टुरना, पूर्व विधायक प्रेम सिंह राणा, गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी अध्यक्ष सरदार जोगेंद्र सिंह, महासचिव सरदार अमरजीत सिंह बोपराय, जिलाधिकारी नितिन सिंह भदौरिया, एसएसपी अजय गणपति, मुख्य विकास अधिकारी दिवेश शासनी सहित गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के पदाधिकारी, जनप्रतिनिधि और श्रद्धालु मौजूद रहे।