श्री बदरीनाथ- केदारनाथ मंदिर 28 अक्टूबर चंद्र ग्रहण सूतक के चलते दिन में चार बजे बंद हो जायेगा।
देशव्यापी चंद्रग्रहण के दौरान श्री बदरीनाथ तथा श्री केदारनाथ मंदिर सहित श्री बदरीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति के सभी अधीनस्थ मंदिर शनिवार 28 अक्टूबर शांय 4 बजे बंद हो जायेंगे। श्री बदरीनाथ- केदारनाथ मंदिर समिति अध्यक्ष अजेंद्र अजय ने यह जानकारी दी है।
बताया कि यद्यपि ग्रहण काल का समय 28 अक्टूबर रात्रि 1 बजकर 4 मिनट है अत: नौ घंटे पहले सूतककाल प्रारंभ होने के चलते दोनों मंदिर तथा मंदिर समिति के सभी अधीनस्थ मंदिर 28 अक्टूबर शायंकाल 4 बजे बंद हो जायेंगे। जबकि 29 अक्टूबर रविवार को प्रात: शुद्धिकरण पश्चात मंदिर पूर्ववत ब्रह्ममुहुर्त में खुलेंगे तथा महाभिषेक, रूद्राभिषेक सहित सभी प्रात:कालीन पूजाये अपने नियत समय पर होंगी।
श्री बदरीनाथ मंदिर में 11 बजे पूर्वाह्न राजभोग लगेगा तथा मंदिर सफाई आदि के लिए 2 बजे तक बंद रहेगा। पुन: अपराह्न 2 बजे मंदिर खुलेगा। अपराह्न 2 बजकर 10 मिनट शायंकालीन आरती होगी तथा साढ़े तीन बजे शयन आरती पश्चात शायं 4 बजे श्री बदरीनाथ मंदिर बंद हो जायेगा।
श्री केदारनाथ मंदिर में 28 अक्टूबर को प्रात:कालीन रुद्राभिषेक तथा पूजाये संपन्न होंगी दिन में कुछ देर मंदिर बंद रहेगा उसके पश्चात 4 बजे तक श्रद्धालु दर्शन करते रहेंगे।
4 बजे शायंकाल को मंदिर सूतककाल के चलते बंद हो जायेगा। प्रात:काल 29 अक्टूबर को शुद्धिकरण पश्चात पूर्ववत पूजायें तथा दर्शन संपादित होंगे। श्री बदरीनाथ- श्री केदारनाथ के अधीनस्थ मंदिरों श्री नृसिंह मंदिर जोशीमठ, द्वितीय केदार मद्महेश्वर, तृतीय केदार तुंगनाथ, सहित श्री ओंकारेश्वर मंदिर उखीमठ, योग बदरी पांडुकेश्वर, भविष्य बदरी तपोवन,श्री त्रिजुगीनारायण मंदिर,श्री विश्वनाथ मंदिर गुप्तकाशी, श्री कालीमठ मंदिर एवं पंच बदरी मंदिरों में ग्रहण के दौरान इसीतरह पूजा व्यवस्था की जायेगी।
शुक्रवार को सीएम धामी परमार्थ निकेतन आश्रम पहुंचे। इस दौरान भाजपा कार्यकर्ताओं ने उनका स्वागत किया। उन्होंने आश्रम के परमाध्यक्ष स्वामी चिदानंद सरस्वती से मुलाकात की। इसके बाद अब सीएम धामी स्वर्गाश्रम में द बीटल्स, द गंगाफेस्टिवल का उद्घाटन करेंगे। आयोजन से चौरासी कुटिया को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान मिलेगी। महोत्सव में करीब 15 देशों से विदेशी मेहमान शिरकत करेंगे। महोत्सव में स्वर्गाश्रम और लक्ष्मणझूला क्षेत्र में संचालित योग केंद्र के योगाचार्याें और योग साधकों को भी बुलाया गया है। संगीत प्रस्तुति संग स्थानीय उत्पाद का स्टॉल लगाया जाएगा, साथ ही मोटे अनाज से बने व्यंजन परोसे जाएंगे। महोत्सव में गढ़वाली लोक संस्कृति पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। स्थानीय उत्पादों के स्टॉल पर महिलाएं पारंपरिक वेशभूषा में रहेंगी। 28 अक्तूबर को राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (सेनि) मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे। पर्यटन मंत्री सतपाल महाराज भी उपस्थित रहेंगे। महोत्सव के दौरान योग, ध्यान, पर्यटन के अतिरिक्त नमामि गंगे पर भी कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। विदेशी पर्यटकों के लिए भी पश्चिमी संगीत के कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे, जिसमें बीटल्स से संबंधित संगीत और भावातीत योग, ध्यान के संबंध में भी जानकारी दी जाएगी। महोत्सव वानप्रस्थ आश्रम, परमार्थ निकेतन और महर्षि महेश योगी की बीटल्स कुटिया में होंगे। इसके लिए 84 कुटिया को सजाया संवारा जा रहा है। इस महोत्सव का बीटल्स आश्रम को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय फलक पर पहचान दिलाना है।
देहरादून। उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ ने शुक्रवार को बाबा केदारनाथ धाम पहुँच कर बाबा के दर्शन किए। उप राष्ट्रपति ने बाबा केदारनाथ का रूद्राभिषेक एवं जलाभिषेक कर की देश की खुशहाली एवं जनकल्याण की कामना की। इस अवसर पर राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (से नि) भी उनके साथ मौजूद रहे। राज्यपाल ने उन्हें केदारपुरी में चल रहे पुनर्निर्माण एवं विकास कार्यों की जानकारी दी।
केदारनाथ भ्रमण पर पहुचें उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ करीब 9ः15 बजे वायु सेना के हेलीकॉप्टर से वीआईपी हैलीपैड पर पहुंचे। यहाँ राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (से नि) जिलाधिकारी डॉ. सौरभ गहरवार, पुलिस अधीक्षक विशाखा अशोक भदाणे, पर अन्य गणमान्य लोगों ने पुष्प भेंट कर उपराष्ट्रपति का स्वागत किया। मंदिर के समीप केदार सभा, मंदिर समिति, तीर्थ पुरोहित समाज ने परंपरागत मंत्रोच्चारण एवं रूद्राक्ष की माला पहना कर उनका स्वागत किया। साथ ही बाबा केदारनाथ का वस्त्र बाघंबर ओढ़ा कर उनका सम्मान किया। जिसके बाद उन्होंने मंदिर में प्रवेश कर सपत्नी डॉ. सुदेश धनखड़ बाबा केदारनाथ का रूद्राभिषेक व जलाभिषेक एवं विशेष पूजा-अर्चना कर देश के उत्थान एवं जन कल्याण की कामना की। करीब 30 मिनट की पूजा अर्चना कर उन्होंने बाबा केदारनाथ का आशीर्वाद प्राप्त किया।
इसके बाद राज्यपाल ने उन्हें केदारपुरी में चल रहे पुनर्निर्माण एवं विकास कार्यों की विस्तृत जानकारी दी। इस अवसर पर उपराष्ट्रपति ने कहा कि बाबा केदारनाथ धाम में अपार शांति का अनुभव हो रहा है। यहां के विहंगम दृश्य मंत्रमुग्ध करने वाले हैं। इस अवसर पर उन्होंने मंदिर परिसर में मौजूद श्रद्धालुओं एवं स्थानीय लोगों का अभिवादन किया। साथ ही अधिकारियों एवं कर्मचारियों द्वारा धाम में कठिन परिस्थितियों में किए जा रहे कार्यों की सराहना भी की।
उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ ने अपनी पत्नी डॉ. सुदेश धनखड़ के साथ भगवान बद्री विशाल के दर्शन किए और देश की एकता, अखंडता और विश्व शांति के लिए प्रार्थना की। इस दौरान उत्तराखण्ड के राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (से नि) भी उनके साथ मौजूद रहे।
उपराष्ट्रपति अपने निर्धारित कार्यक्रम के तहत 27 अक्टूबर, 2023 को वायुसेना के विशेष विमान से बद्रीनाथ आर्मी हैलीपैड पहुंचे। हैलीपैड पर जिलाधिकारी हिमांशु खुराना, पुलिस अधीक्षक रेखा यादव के साथ ही अन्य वरिष्ठ अधिकारियों ने पुष्प गुच्छ भेंट कर उपराष्ट्रपति का स्वागत किया। यहां से उपराष्ट्रपति कार से बद्रीनाथ मंदिर पहुंचे। मंदिर में करीब 25 मिनट तक बद्री विशाल की वेदपाठ एवं विशेष पूजा की। बद्रीनाथ के मुख्य पुजारी रावल ईश्वर प्रसाद नंबूदरी एवं तीर्थपुरोहितों ने वैदिक मंत्रोच्चारण के साथ विधिवत पूजा संपन्न की और प्रसाद स्वरूप उन्हें बद्री तुलसी माला, बद्री प्रसाद और अंग वस्त्र भेंट किए।
मंदिर परिसर में जिलाधिकारी हिमांशु खुराना ने उपराष्ट्रपति को भोजपत्र पर अंकित बद्री विशाल की आरती, स्मृति चिन्ह एवं स्थानीय उत्पादों की टोकरी भेंट की। वही श्री बद्री केदार मंदिर समिति के उपाध्यक्ष किशोर पंवार, उप मुख्य कार्याधिकारी कुमकुम जोशी, प्रभारी अधिकारी अनिल ध्यानी, धर्माधिकारी राधाकृष्ण थपलियाल, मीडिया प्रभारी डॉ. हरीश गौड एवं अन्य पदाधिकारियों ने उपराष्ट्रपति का फूल मालाओं से स्वागत किया।
भू-बैकुंठ धाम की अलौकिक सुंदरता देख उपराष्ट्रपति अभिभूत दिखे। मंदिर से निकलते समय उन्होंने हाथ हिलाकर बद्रीनाथ धाम पहुंचे श्रद्धालुओं का अभिवादन भी किया।
इस दौरान उपराष्ट्रपति ने बद्रीनाथ धाम में मास्टर प्लान के तहत संचालित पुनर्निर्माण कार्याें की जानकारी भी ली और विपरीत एवं कठिन परिस्थितियों में इस चुनौतीपूर्ण कार्य को आगे बढ़ाने के लिए पूरी टीम की प्रशंसा करते हुए बधाई दी।
उत्तराखंड के ऊंच्च हिमालय क्षेत्र में बरसात और हिमपात के बाद अब ठिठुरन भरी ठंड प्रदेश के पर्वतीय क्षेत्रों में प्रारंभ हो गई है जिससे लोगों ने गर्म कपड़े निकाल लिए हैं ।तथा कहीं कहीं अलाव भी जलने लगे हैं ऊंचे हिमालय क्षेत्र में पिछले दिनों हुई बर्फबारी ने पूरी केदार घाटी क्षेत्र में ठंड को अपने आगोश में ले लिया है लेकिन 30 अक्टूबर तक मौसम शुष्क रहने के साथ वाले दिनों में एक बार फिर मौसम करवट बदलेगा जबकि अब राज्य के मैदानी क्षेत्रों में भी अब गुनगुनी ठंड पड़ने लगी है मौसम विभाग का कहना है कि आने वाले दिनों में ठंड अपना पूरा रूप दिखायेगी। उधर उत्तर भारत के राज्यों में सुबह के समय स्मॉग और धुंध की चादर देखने को मिल रही है. वहीं, भारत के उत्तरी तट, गंगीय पश्चिम बंगाल और केरल में हल्की से मध्यम बारिश के साथ कुछ स्थानों पर भारी बारिश संभव है। IMD के मुताबिक, मिजोरम और त्रिपुरा में भी हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। साइक्शलोन हमून के असर से तमिलनाडु और देश के कुछ तटीय राज्यों में आज बारिश की गतिविधियां देखने को मिलेंगी तो वहीं, कुछ राज्यों में आज मौसम शुष्क रहेगा। मौसम विभाग ने दो तूफानों को लेकर भी अलर्ट जारी किया था। इसमें से हमून तूफान खेपुपारा और चटगांव के बीच बांग्लादेश तट को पार कर सकता है। यह चक्रवाती तूफान 65-75 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से बांग्लादेश तट को पार करने की संभावना है।मौसम विभाग की मानें तो देश की राजधानी नई दिल्ली में न्यूनतम तापमान 16 डिग्री और अधिकतम तापमान 31 डिग्री दर्ज किया जा सकता है। वहीं, नई दिल्ली में आज कोहसा रहेगा। वहीं, 26 अक्टूबर को भी दिल्ली में कोहासा रहेगा। मौसम विभाग की मानें तो आने वाले दिनों में नई दिल्ली के अधिकतम तापमान में मामूली बढ़त देखने को मिलेगी।
डीजी स्वास्थ्य को भेजा ज्ञापन.कहा, एक सप्ताह में बुलाएं विभागीय पदोन्नति की बैठक
देहरादून। उत्तरॉचल मेडिकल एंड पब्लिक हेल्थ मिनिस्ट्रीयल एसोसिएशन ने संवर्ग के कार्मिकों की पदोन्नति नही होने पर हड़ताल की चेतावनी दी है। डीजी स्वास्थ्य को भेजे ज्ञापन में मांग की है कि यदि एक सप्ताह के भीतर विभागीय पदोन्नति समिति की बैठक आयोजित नहीं बुलाई तो प्रदेश स्तरीय आंदोलन के लिए बाध्य होना पड़ेगा।
एसोसिएशन की प्रदेश अध्यक्ष रजनी रावत ने कहा कि वर्ष 2022 में कनिष्ठ सहायक से वरिष्ठ सहायक में पदोन्नत हेतु निर्गत की गयी सूची में कई कनिष्ठ सहायकों को पदोन्नति प्रदान नही की गयी है जबकि वह पदोन्नति हेतु पूर्ण अर्हता रखते है।
उन्होंने कहा कि आगामी लोकसभा चुनाव की आचार संहित लागू होने से पूर्व संवर्ग के सभी रिक्त पदों पर शीघ्रातिशीघ्र पदोन्नति प्रदान की जाये ।
विषय:-
चिकित्सा स्वास्थ्य एवं प०क० विभाग के मिनीस्ट्रीयल संवर्ग के विभिन्न पदों पर पदोन्नति किये जाने के सम्बन्ध में।
महोदया,
उपरोक्त विषयक उत्तरॉचल मेडिकल एण्ड पब्लिक हैल्थ मिनीस्ट्रीयल एसोसिऐशन, उत्तराखण्ड की लम्बित मांगों के निस्तारण के सम्बन्ध में दिनांक 27.07.2023 को संगठन एवं आपके मध्य चिकित्सा स्वास्थ्य एवं प०क० विभाग के मिनीस्ट्रीयल संवर्ग के विभिन्न पदों पर पदोन्नति के सम्बन्ध में हुयी वार्ता के क्रम में संगठन पुनः आपके संज्ञान में लाना चाहता है कि आतिथि तक संवर्ग के कार्मिकों की पदोन्नति नही होने के कारण संवर्ग के अनेक सदस्य / कार्मिक विगत कई समय से पदोन्नति हेतु पूर्ण अर्ह होने एवं पद रिक्त होने के बावजूद भी पदोन्नति से वंचित है इस हेतु संगठन द्वारा बार-बार मांग की जा रही है । परन्तु महानिदेशालय स्तर से संवर्ग के कार्मिकों की पदोन्नति न होने के कारण कार्मिकों को मानसिक एवं आर्थिक हानि हो रही है जिससे सम्बन्धित कार्मिकों में काफी आक्रोश व्याप्त है। उक्त सम्बन्ध में पुनः निम्नानुसार आपके संज्ञान में लाना है कि-
वर्ष 2022 में कनिष्ठ सहायक से वरिष्ठ सहायक में पदोन्नत हेतु निर्गत की गयी सूची में कई कनिष्ठ सहायकों को पदोन्नति प्रदान नही की गयी है जबकि वह पदोन्नति हेतु पूर्ण अर्हता रखते है मात्र इस तथ्य का संज्ञान लेते हुये पदोन्नति से वंचित रखा गया है कि सम्बन्धित कार्मिकों की गोपनीय आख्या में सम्बन्धित कार्यालयाध्यक्ष के स्तर से वर्गीकरण नही किया गया है जिसके फलस्वरूप कार्मिकों को पदोन्नति से वंचित किये जाने पर सम्बन्धित कार्मिकों आर्थिक एवं मानसिक क्षति के साथ-साथ आगामी पदोन्नति हेतु अर्हकारी सेवा की भी क्षति हुयी है, वर्तमान में पदोन्नति प्रक्रिया प्रारम्भ न होने के कारण वर्तमान में भी अत्याधिक क्षति हो रही है तथा प्रत्यावेदन आतिथि तक विभागीय पदोन्नति/ चयन समिति के समक्ष निर्णय लिये जाने हेतु लंबित है।
इस सम्बन्ध में संगठन आपसे अनुरोध करता है कि विगत वर्ष में पदोन्नति से वंचित सम्बन्धित कार्मिकों को नोशनल पदोन्नति प्रदान की जाये।
. संगठन द्वारा अपने पत्र संख्या उ.मे.मिनी. एसो. / 2022-23/009 दिनांक 29.07.2023 एवं पुनः प्रेषित पत्र संख्या उ.मे.मिनी. एसो. / 2022-23/14 दिनांक 13.09.2023 के माध्यम से संवर्ग के सभी पदो पर पदोन्नति किये जाने हेतु अनुरोध किया गया था तथा इस सम्बन्ध में प्रान्तीय कार्यकारिणी द्वारा कई बार मौखिक वार्ता भी की गयी है परन्तु महानिदेशालय स्तर से पदोन्नति प्रक्रिया लंबित है ।
संगठन आपसे अपेक्षा करता है कि आगामी लोकसभा चुनाव की आचार संहित लागू होने से पूर्व संवर्ग के सभी रिक्त पदों पर शीघ्रातिशीघ्र संवर्ग के कार्मिकों को पदोन्नति प्रदान की जाये ।
अतः संगठन को आशा ही नही अपितु पूर्ण विश्वास है कि आप द्वारा मिनीस्ट्रीयल संवर्ग के कार्मिकों के हित में न्यायसंगत निर्णय लेते हुये पदोन्नति प्रक्रिया पूर्ण की जायेगी। इस सम्बन्ध में यदि एक सप्ताह के भीतर विभागीय पदोन्नति समिति की बैठक आयोजित किये जाने हेतु तिथि प्रदान करते हुये पदोन्नति प्रदान नही की जाती है तो ऐसी स्थिति में संगठन को विवश होकर जनपद स्तर से महानिदेशालय स्तर तक आन्दोलनात्मक कार्यवाही हेतु बाध्य होना पड़ेगा जिसके लिये संगठन का कोई उत्तरदायित्व नही होगा ।
पिथौरागढ़। राष्ट्रीय राइफल (आरआर) में तैनात नायक दीपक सिंह सुगड़ा (29) पुत्र मोहन सिंह की जम्मू कश्मीर के पुलवामा जिले के खेरू में मौत हो गई है। मौत के कारणों का पता नहीं चल पाया है। वह दो सप्ताह पूर्व छुट्टी पूरी कर अपनी यूनिट में गए थे। इस संबंध में एसडीएम भगत सिंह फोनिया ने किसी भी तरह की जानकारी होने से इनकार किया है। तीन महीने पहले दीपक सिंह सुगड़ा की पत्नी हिमानी (24) की बीमारी के कारण हल्द्वानी के एक अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई थी। नायक दीपक सिंह की इंटर तक की पढ़ाई चौरपाल से हुई थी। वह वर्ष 2015 में सेना में भर्ती हुए थे। जानकारी के अनुसार दीपक दो बार पैरा स्पेशल कमांडो की ट्रेनिंग ले चुके हैं लेकिन पैर में चोट आने के कारण उन्हें वापस यूनिट भेज दिया गया।
दीपक सिंह का एक साल का बेटा अपनी दादी के साथ गांव में रहता है जिसका वह पांच दिन पहले जन्मदिन मनाकर ड्यूटी पर गए थे। उस समय दीपक ने बेटे और पत्नी की फाइल फोटो को सोशल मीडिया पर शेयर किया था।
दीपक सिंह के पिता मोहन सिंह की चार साल पहले मौत हो चुकी है। उनके दो भाई अनिल सिंह सुगड़ा और गोकुल सिंह सुगड़ा दिल्ली में प्राइवेट नौकरी करते हैं। वर्ष 2015 में दीपक के सेना में भर्ती होने पर पूरे परिवार ने जश्न मनाया था। दीपक सिंह के मौत की सूचना अभी उनकी माता कौशुली देवी (54) को नहीं दी गई है।
हिमाचल में विभिन्न संस्थाओं में बागवानी का करेंगे अध्ययन
देहरादून। तेरह किसानों का दल हिमाचल के लिए स्टडी टूर पर रवाना हुआ। यह अध्ययन भ्रमण सहकारिता विभाग के प्रादेशिक कोऑपरेटिव यूनियन के माध्यम से भेजा जा रहा है। लौटने पर सभी किसान अपने जनपदों में गोष्टी के माध्यम से अन्य किसानों को भी प्रशिक्षण देंगे। सहकारिता विभाग के द्वारा प्रत्येक जनपद से दो उत्कृष्ट मॉडल किसानों को अध्ययन भ्रमण हेतु भेजा जा रहा है। इन किसानों का चयन सभी जनपदों के जिलाधिकारी की अध्यक्षता में चयन कमेटी द्वारा किया गया है गुरुवार को निबंधक मुख्यालय मियांवाला में अपर निबंधक ईरा उप्रेती संयुक्त निबंधक एमपी त्रिपाठी द्वारा 13 सदस्यीय किसानों के दल को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया।
इस अवसर पर प्रबंध निदेशक प्रादेशिक कोऑपरेटिव यूनियन मान सिंह सैनी भी उपस्थित रहे प्रादेशिक कोऑपरेटिव यूनियन के प्रबंध निदेशक मानसिंह सैनी ने बताया किसानों का यह दल पहले दिन 27 तारीख को सोलन स्थित डॉक्टर वाई एस परमार यूनिवर्सिटी का भ्रमण करेंगे उसके पश्चात द्वितीय दिवस पर रीजनल हॉर्टिकल्चर रिसर्च और ट्रेनिंग स्टेशन शिमला में अध्ययन करेंगे और 29 अक्टूबर को कृषि विज्ञान केंद्र शिमला का भ्रमण कर किसानों के पर्वतीय फल सेब कीवी के बगीचों में ग्राउंड जीरो पर अध्ययन करेंगे।
उसके पश्चात दूसरा दल 28 अक्टूबर को गुजरात को हवाई मार्ग से रवाना किया जाएगा जहां दुग्ध दुग्ध उत्पादों के क्षेत्र में किसानों के द्वारा अध्ययन भ्रमण किया जाएगा। अध्ययन भ्रमण पर जा रहे किसानों ने सहकारिता मंत्री डॉ धन सिंह रावत और सहकारिता विभाग की भूरि भूरि प्रशंसा की किसानों ने कहा उत्तराखंड में यह पहली बार है जब किसानों को अध्ययन भ्रमण पर भेजा जा रहा है इस अध्ययन भ्रमण के परिणाम निश्चित ही किसानों के लिए लाभकारी होंगे।
उत्तराखण्ड एसटीएफ ने स्थानीय प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग के साथ ज्वांइट ऑप्रेशन में सितारगंज के एक मकान में नकली हर्बल दवाइयाँ बनाने वाले गैंग का किया पर्दाफाश। छापेमारी में हर्बल के नाम पर विभिन्न बीमारियों के इलाज के नाम पर ऑनलाइन बेची जा रही थी दवाइयाँ, मौके से हर्बल लिखा चूर्ण, कैप्सूल, ड्राप, मुर्गा दाना लिखा कट्टे व कुछ मशीनें बरामद। मौके पर भारी मात्रा में मिली दवाइयों व रॉ-मैटेरियल को सील कर सैंपल लिये गये।
कृषि मंत्री ने मेक्सिको के निवेशकों से कहा, उत्तराखण्ड के इन्वेस्टर्स समिट में आइए
अविकल उत्तराखंड
मेक्सिको। प्रदेश के कृषि मंत्री गणेश जोशी ने अपने विदेश दौरे के दौरान मेक्सिको की सबसे बड़ी मंडी का भ्रमण किया गया। ज्ञात हो कि विश्व की सबसे बड़ी मंडी में से एक सेंट्रल दा ऐबसटा का कुल क्षेत्रफल 833 एकड़ में है, यहां पर प्रतिदिन 5 लाख लोग अपना व्यापार करने के लिए आते हैं। प्रतिदिन 60 हजार गाड़ियां- ट्रक इस मंडी में आते हैं।
मण्डी कार्यालय में बैठक के दौरान कृषि मंत्री ने वहां के अध्यक्ष को उत्तराखण्डी टोपी पहनाकर सम्मानित किया। और विस्तार से मेक्सिको के अधिकारियों द्वारा जानकारी प्राप्त की गई। मंत्री ने आगामी दिसंबर माह में उत्तराखंड में आयोजित होने वाले इन्वेस्टर्स समिट के लिए भी अनुरोध किया गया। जिसपर उन्होंने इन्वेस्टर्स समिट में पूर्ण रूप से सहयोग देने का आश्वासन दिया। जिससे दोनों देश की मंडी की मध्य व्यापार के लिए सुगम मार्ग प्रशस्त हो सके।
कृषि मंत्री ने मण्डी भ्रमण के दौरान वहां के थोक व्यापारियों से भी मुलाकात की और कई प्रकार के फलों के बारे में जानकारी प्राप्त की। कृषि मंत्री ने अपने दौरे के बाद बयान जारी करते हुए कहा कि हमें मण्डियों की साफ-सफाई के लिए दूरदृष्तिा के साथ सोचना होगा क्योंकि स्वच्छता के प्रति जागरुकता के लिए प्रधानमंत्री मोदी लगातार आहवान कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि उत्तराखण्ड वापसी के बाद वह कृषि विपणन विभाग के अधिकारियों के साथ बैठक कर स्वच्छता के लिए प्लान जारी करेंगे। इसके अतिरिक्त उन्होंने भारत और मेक्सिको के मध्य उत्पादों के आयात और निर्यात के संबंध में भी चर्चा की गई।
इस दौरान कॉर्डिनाडोरा जनरल मार्सेला विलेगास सिल्वा, एलआईसी. मिगुएल एलेजांद्रो सांचेज़ कार्बाजल गेरेंटे एडमिनिस्ट्रेटिवो, कोसाम्ब के प्रबंध निदेशक डॉ. जगवीर सिंह यादव और मंडी परिषद से सचिव विजय थपलियाल भी उपस्थित रहे।
गौरतलब है कि विश्व संघ थोक बिक्री बाजार की एक अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन का आयोजन मेक्सिको के कानकुन शहर में 25 अक्टूबर से 28 अक्टूबर तक किया जा रहा है जिसमें 112 देशों के प्रतिनिधि भाग लेंगे। कृषि विपणन को आगे बढ़ाना और कृषि विपणन में अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चुनौतियों को लेकर ये सम्मेलन हो रहा है। जिसमें उत्तराखंड की ओर से कृषि मंत्री गणेश जोशी भाग ले रहे हैं। उसके बाद जर्मनी में 2 दिन की कृषि विपणन और चुनौतियों को लेकर एक और सम्मेलन होगा, जिसमें कृषि मंत्री गणेश जोशी भी शामिल होंगे
चेन्नई। उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गुरुवार को ट्रिप्लीकेन, चेन्नई स्थित भगवान विष्णु के अलौकिक अवतार पार्थसारथी भगवान के पौराणिक मंदिर में पूजा अर्चना की । उन्होंने समस्त प्रदेश वासियों की उन्नति और कुशलक्षेम के लिए भगवान विष्णु से प्रार्थना की ।
पार्थसारथी मंदिर में भगवान विष्णु के चार अवतारों कृष्ण, राम, नृसिंह और भगवान वराह की पूजा होती है। मंदिर का इतिहास सदियों पुराना है और इसकी वास्तुकला अद्भुत है।