Category: उत्तराखंड

  • सेवाभाव और कर्तव्यबोध को जीवन का आधार बनाएं-उपराष्ट्रपति

    सेवाभाव और कर्तव्यबोध को जीवन का आधार बनाएं-उपराष्ट्रपति

    उपराष्ट्रपति ने LBSNAA, मसूरी में आईएएस प्रशिक्षु अधिकारियों को संबोधित किया

    सच्चा नेतृत्व शक्ति या पद से नहीं, नैतिक आचरण से मापा जाता है: उपराष्ट्रपति

    2024 बैच में 41 प्रतिशत महिला अधिकारी नारी शक्ति का प्रभावशाली प्रमाण: उपराष्ट्रपति

    प्रत्येक शिकायत सुनी जाए, प्रत्येक नागरिक सशक्त हो: उपराष्ट्रपति का आईएएस प्रशिक्षुओं से आह्वान

    मसूरी। उपराष्ट्रपति सी. पी. राधाकृष्णन ने आज लाल बहादुर शास्त्री राष्ट्रीय प्रशासन अकादमी (LBSNAA), मसूरी में 2024 बैच के आईएएस प्रशिक्षु अधिकारियों (IAS OTs) के प्रशिक्षण के दूसरे चरण के समापन समारोह को संबोधित किया।

    प्रशिक्षु अधिकारियों को प्रशिक्षण सफलतापूर्वक पूरा करने पर बधाई देते हुए उपराष्ट्रपति ने कहा कि सिविल सेवाओं ने देश के विकास में महत्वपूर्ण योगदान दिया है और वे नीतियों को जमीनी स्तर पर लागू करने में एक महत्वपूर्ण कड़ी की भूमिका निभाती हैं।

    विकसित भारत@2047 के संकल्प का उल्लेख करते हुए श्री सी. पी. राधाकृष्णन ने अधिकारियों से यह सुनिश्चित करने का आह्वान किया कि उनके द्वारा किए जाने वाले प्रत्येक विकास प्रयास का लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे और विकास समावेशी हो। उन्होंने अधिकारियों से “सेवाभाव और कर्तव्यबोध” को अपना मार्गदर्शक मंत्र बनाने का आह्वान भी किया।

    टीमवर्क के महत्व पर जोर देते हुए उपराष्ट्रपति ने युवा अधिकारियों से व्यक्तिगत या समूह उत्कृष्टता के बजाय टीम उत्कृष्टता के लिए प्रयास करने को कहा। उन्होंने सशक्त और समन्वित टीमों के निर्माण, सहयोगियों को प्रेरित करने तथा अपने पूर्ववर्तियों द्वारा स्थापित अच्छी कार्यप्रणालियों को आगे बढ़ाने के महत्व पर बल दिया।

    सिविल सेवाओं में महिलाओं की बढ़ती भागीदारी का उल्लेख करते हुए श्री सी. पी. राधाकृष्णन ने कहा कि 2024 बैच में लगभग 41 प्रतिशत अधिकारी महिलाएं हैं। उन्होंने इसे नारी शक्ति का प्रभावशाली प्रमाण बताते हुए कहा कि प्रतिभा रूढ़ धारणाओं से ऊपर उठती है और दृढ़ संकल्प के साथ बाधाओं को पार करती है।

    उपराष्ट्रपति ने अधिकारियों से प्रशासन में दक्षता, पारदर्शिता और नागरिक सेवाओं की बेहतर उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, नेचुरल लैंग्वेज प्रोसेसिंग, मशीन लर्निंग और ब्लॉकचेन जैसी उभरती प्रौद्योगिकियों को अपनाने का आह्वान किया। उन्होंने निरंतर सीखने, बदलती परिस्थितियों के अनुरूप स्वयं को ढालने और भविष्य के लिए तैयार रहने पर भी जोर दिया।

    लोक सेवा की आधारशिला के रूप में चरित्र और सत्यनिष्ठा के महत्व को रेखांकित करते हुए श्री सी. पी. राधाकृष्णन ने कहा कि सच्चे नेतृत्व का आकलन शक्ति या पद से नहीं, बल्कि कठिन परिस्थितियों में भी नैतिक रूप से कार्य करने की क्षमता से होता है।

    अपने संबोधन के समापन पर उपराष्ट्रपति ने प्रशिक्षु अधिकारियों से देश के सुदूर क्षेत्रों में लोगों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाकर अपनी सेवा को सार्थक बनाने तथा यह सुनिश्चित करने का आह्वान किया कि प्रत्येक शिकायत सुनी जाए और प्रत्येक नागरिक सशक्त हो।

    इस अवसर पर उत्तराखंड के राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल (सेवानिवृत्त) गुरमीत सिंह, उत्तराखंड सरकार में कृषि एवं किसान कल्याण तथा सैनिक कल्याण मंत्री  गणेश जोशी और LBSNAA के निदेशक डॉ. बी. राजेंद्र उपस्थित रहे।

  • सीमांत क्षेत्रों तक केंद्रीय योजनाओं की पहुंच सुनिश्चित करने पर जोर

    सीमांत क्षेत्रों तक केंद्रीय योजनाओं की पहुंच सुनिश्चित करने पर जोर

    चमोली में पीआईबी का ‘वार्तालाप’ एवं क्षेत्रीय मीडिया कार्यशाला कार्यक्रम आयोजित

    स्थानीय मीडिया को सरकार और जनता के बीच महत्वपूर्ण कड़ी बताते हुए तथ्यपरक एवं सकारात्मक पत्रकारिता का आह्वान

    स्वास्थ्य, कृषि, मत्स्य पालन, महिला एवं बाल विकास, नशामुक्ति, स्वरोजगार, जीआई टैग एवं स्थानीय उत्पादों से जुड़ी योजनाओं पर हुई चर्चा

    अधिकारियों एवं मीडिया प्रतिनिधियों के बीच जनकल्याणकारी योजनाओं के प्रभावी प्रचार-प्रसार और अंतिम व्यक्ति तक लाभ पहुंचाने को लेकर संवाद

    गोपेश्वर। सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय, भारत सरकार के प्रेस इन्फॉर्मेशन ब्यूरो (पीआईबी), देहरादून की ओर से सीमांत जनपद चमोली में ‘वार्तालाप’ एवं क्षेत्रीय मीडिया कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ जिला पंचायत अध्यक्ष दौलत बिष्ट, नगर पालिका अध्यक्ष गोपेश्वर संदीप रावत, जिलाधिकारी गौरव कुमार, पुलिस अधीक्षक सुरजीत सिंह पंवार, मुख्य विकास अधिकारी डॉ. अभिषेक त्रिपाठी, प्रेस क्लब की संरक्षक क्रांति भट्ट तथा पीआईबी के सहायक निदेशक संजीव सुन्द्रियाल ने किया।

    कार्यशाला में केंद्र सरकार की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं, स्थानीय उत्पादों, स्वास्थ्य, कृषि, मत्स्य पालन, महिला एवं बाल विकास, नशामुक्ति और स्वरोजगार से जुड़ी योजनाओं पर विस्तार से चर्चा हुई। विभिन्न विभागों के अधिकारियों ने योजनाओं की जानकारी दी, वहीं लाभार्थियों ने अपने अनुभव भी साझा किए।

    कार्यक्रम के मुख्य अतिथि जिला पंचायत अध्यक्ष दौलत बिष्ट ने कहा कि इस तरह के कार्यक्रम पूरे जनपद की बेहतरी के लिए लाभदायक सिद्ध होंगे।

    उन्होंने कहा कि मीडिया ‘वार्तालाप’ कार्यक्रमों को जनपद के ब्लॉक स्तर पर आयोजित किया जाना चाहिए, ताकि केंद्र एवं राज्य सरकार द्वारा संचालित योजनाओं का लाभ गांव के अंतिम व्यक्ति तक पहुंच सके।

    नगर पालिका अध्यक्ष संदीप रावत ने कहा कि पीआईबी द्वारा मीडिया और अधिकारियों के बीच केंद्र एवं राज्य सरकार की योजनाओं को लेकर संवाद कार्यक्रम आयोजित किया गया है। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार की कई योजनाएं ऐसी हैं, जिनका पर्याप्त प्रचार-प्रसार न होने के कारण लोग उनका लाभ नहीं ले पाते। ऐसे कार्यक्रमों के माध्यम से मीडिया के सहयोग से योजनाओं की जानकारी आम लोगों तक पहुंचाई जा सकती है।

    कार्यक्रम में प्रेस क्लब के संरक्षक क्रांति भट्ट ने जनपद में प्रेस की चुनौतियों एवं भूमिका के बारे में जानकारी दी।
    मुख्य विकास अधिकारी डॉ. अभिषेक त्रिपाठी ने जनपद में पत्रकारों की सकारात्मक एवं जनहितकारी पत्रकारिता की सराहना की और सरकारी योजनाओं को आम लोगों तक पहुंचाने में मीडिया की भूमिका को महत्वपूर्ण बताया।

    पुलिस अधीक्षक सुरजीत सिंह पंवार ने नशामुक्त भारत अभियान की जानकारी देते हुए बताया कि जनपद में अभियान के तहत 140 नारकोटिक्स किट वितरित किए गए हैं। उन्होंने युवाओं से जुड़े मुद्दों पर सकारात्मक पत्रकारिता की आवश्यकता पर भी जोर दिया।

    जिलाधिकारी गौरव कुमार ने सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय तथा पीआईबी की ओर से विश्वसनीय एवं तथ्यपरक सूचनाओं के प्रसार के लिए आभार व्यक्त किया। जिला पंचायत अध्यक्ष दौलत बिष्ट ने तमक नाला, नीति घाटी और टीएचडीसी पीपलकोटी में हुई आपदाओं के दौरान जिला प्रशासन की त्वरित कार्रवाई की सराहना की।

    मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. राजीव सिंह पाल ने स्वास्थ्य विभाग की विभिन्न योजनाओं की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि सड़क दुर्घटना में घायल व्यक्ति को अस्पताल पहुंचाने वाले स्थानीय व्यक्ति को राहगीर योजना के तहत 25 हजार रुपये तक की पुरस्कार राशि दी जाती है। इसके अलावा आयुष्मान योजना, जननी सुरक्षा योजना, नि:शुल्क स्वास्थ्य जांच सहित अन्य योजनाओं की जानकारी दी गई।

    खाद्य पूर्ति अधिकारी अंकित पांडेय ने ई-20 पेट्रोल, किसानों को होने वाले लाभ और पर्यावरण संरक्षण में इसकी भूमिका की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि ई-20 के निर्माण में चावल, मक्का और गन्ने जैसे कृषि उत्पादों का उपयोग किया जाता है।

    जिला कार्यक्रम अधिकारी हिमांशु बडोला ने बालिकाओं के लिए संचालित नंदा गौरा योजना की जानकारी देते हुए पात्र लाभार्थियों से समय पर पंजीकरण कराने की अपील की। सहायक निदेशक मत्स्य नितेश कुमार चंद्र ने मत्स्य किसान समृद्धि योजना के तहत ट्राउट मछली उत्पादन और युवाओं के लिए रोजगार की संभावनाओं की जानकारी दी।
    जिला समाज कल्याण अधिकारी धनंजय लिंगवाल ने नशामुक्त भारत अभियान के तहत संचालित कार्यक्रमों, स्कूलों के 100 मीटर के दायरे में नशीले पदार्थों की बिक्री पर रोक तथा नशामुक्ति केंद्र और काउंसलिंग की व्यवस्था के बारे में जानकारी दी।

    जिला उद्यान अधिकारी नितेन्द्र सिंह ने चमोली के स्थानीय और विशिष्ट उत्पादों को जीआई टैग दिलाने की प्रक्रिया की जानकारी दी। उन्होंने किसानों को मशरूम और कीवी की खेती के लिए प्रोत्साहित करते हुए जनपद में संचालित फार्मों और उपलब्ध संभावनाओं की जानकारी साझा की।

    मीडिया के माध्यम से अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे योजनाओं की जानकारी : संजीव सुन्द्रियाल

    कार्यक्रम के आयोजक एवं पीआईबी के सहायक निदेशक संजीव सुन्द्रियाल ने कहा कि सीमांत जनपद चमोली में ‘वार्तालाप’ कार्यक्रम आयोजित करने का मुख्य उद्देश्य प्रामाणिक और तथ्यपरक जानकारी के माध्यम से केंद्र सरकार की योजनाओं को मीडिया के जरिए जनपद के दूरस्थ क्षेत्रों तक पहुंचाना है।

    उन्होंने कहा कि चमोली में तैयार होने वाले स्थानीय उत्पादों और यहां की संस्कृति को पहचान दिलाने के साथ ही केंद्र सरकार की योजनाओं से लाभान्वित हो रहे लोगों को अधिक से अधिक लाभ दिलाना इस आयोजन का प्रमुख उद्देश्य है। उन्होंने कहा कि सीमांत क्षेत्रों के हर गांव और हर घर तक केंद्र सरकार की योजनाओं का लाभ पहुंचे, इसी मंशा के साथ पीआईबी की ओर से चमोली को इस कार्यक्रम के लिए चुना गया।
    उन्होंने कहा कि स्थानीय मीडिया सरकार और जनता के बीच महत्वपूर्ण कड़ी है। मीडिया के माध्यम से योजनाओं की सही और प्रमाणिक जानकारी दूरस्थ गांवों तक पहुंचने से पात्र लोगों को योजनाओं का लाभ लेने में आसानी होगी।

    कार्यशाला के दौरान अधिकारियों और मीडिया प्रतिनिधियों के बीच विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं के प्रचार-प्रसार, स्थानीय मुद्दों तथा सरकारी योजनाओं को अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने में मीडिया की भूमिका को लेकर विस्तृत संवाद हुआ।

  • तिलवाड़ा–मायली–गुप्तकाशी मोटर मार्ग को दो लेन करने की उठी मांग

    तिलवाड़ा–मायली–गुप्तकाशी मोटर मार्ग को दो लेन करने की उठी मांग

    परिवहन एवं राष्ट्रीय राजमार्ग मंत्रालय की बैठक

    देहरादून/दिल्ली। प्रमुख नदियों व्यास, रावी, भागीरथी, अलकनंदा, तीस्त आदि में वैज्ञानिक ढ़ग से ड्रेजिंग और बाढ़ सुरक्षा उपाय के लिए संयुक्त कार्य योजना पर चर्चा के लिए नई दिल्ली में हुई बैठक में प्रदेश के सिंचाई, लोक निर्माण, ग्रामीण निर्माण, पर्यटन, धर्मस्व एवं संस्कृति सतपाल महाराज ने उत्तराखंड का प्रतिनिधित्व करते हुए कई महत्वपूर्ण सुझाव रखे।

    नई दिल्ली स्थित ट्रांसपोर्ट भवन के सागर मंथन हाल में गुरुवार को परिवहन एवं राष्ट्रीय राजमार्ग मंत्रालय, वन पर्यावरण जलवायु परिवर्तन एवं जल शक्ति मंत्रालय भारत सरकार के तत्वावधान में प्रमुख नदियों व्यास, रावी, भागीरथी, अलकनंदा, तीस्त आदि में वैज्ञानिक ढ़ग से ड्रेजिंग और बाढ़ सुरक्षा उपाय के लिए हुई बैठक में संयुक्त कार्य योजना पर चर्चा की गई।

    बैठक में प्रतिभाग करते हुए प्रदेश के लोक निर्माण मंत्री सतपाल महाराज ने महत्वपूर्ण सुझाव रखते हुए कहा कि उत्तरकाशी से गंगोत्री के मध्य लगभग 100 किलोमीटर का क्षेत्र पर्यावरण की दृष्टि से संवेदनशील क्षेत्र के अंतर्गत आता है।
    इस क्षेत्र में नदी तल पर भारी मात्रा में बोल्डर का प्रभाव होने पर कभी-कभी बोलेरो एवं रेट के मिश्रण का नदी तल पर जमाव हो जाता है जिससे नदी ताल का स्तर ऊंचा होने के साथ-साथ झील बनने की संभावना उत्पन्न हो जाती है इसलिए नदी किनारे स्थित राष्ट्रीय राजमार्ग की ऊंचाई को बढ़ाए जाने पर विचार किया जाना चाहिए।

    बैठक में कैबिनेट मंत्री महाराज ने यह भी कहा कि हर्षिल के निकट निर्मित कृत्रिम झील से राजमार्ग 34 की सुरक्षा हेतु 200 मी का बांध बनाया गया है उसे स्थान पर राजमार्ग के लगभग 600 मी भाग में राजमार्ग को एक से डेढ़ मीटर तक ऊंचा उठाने की आवश्यकता है।

    बैठक के दौरान उन्होंने केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी को एक पत्र भी सौंपा जिसमें महाराज ने उत्तराखंड में प्रस्तावित टनकपुर-बागेश्वर, बागेश्वर-कर्णप्रयाग एवं ऋषिकेश-उत्तरकाशी रेल परियोजनाओं में रेलवे के साथ निर्मित होने वाली स्केप टनल को रेल मंत्रालय एवं सड़क परिवहन मंत्रालय की संयुक्त सहभागिता से न्यूनतम दो लेन मोटर वाहन यातायात हेतु उपयोगी बनाए जाने का प्रावधान किए जाने की भी बात कही है।
    इसके अलावा उन्होंने तिलवाड़ा-मायली-गुप्तकाशी मोटर मार्ग को सुपर मार्ग के रूप में दो लेन में विकसित करने का भी अनुरोध किया है।

    बैठक की अध्यक्षता केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी की इस दौरान विभिन्न राज्यों के अधिकारियों एवं प्रतिनिधियों ने भाग लिया।

  • वन समुदायों के पारंपरिक ज्ञान का सम्मान जरूरी: उपराष्ट्रपति

    वन समुदायों के पारंपरिक ज्ञान का सम्मान जरूरी: उपराष्ट्रपति

    विकास और संरक्षण एक-दूसरे के विरोधी नहीं, सदैव साथ-साथ चल सकते हैं: उपराष्ट्रपति

    आधुनिक वैज्ञानिक वानिकी और भारत के सभ्यतागत ज्ञान का समन्वय सतत भविष्य की कुंजी: उपराष्ट्रपति

    वन, वन्यजीव और समुदायों की रक्षा को अपने करियर की सफलता का पैमाना बनाएं: उपराष्ट्रपति

    देहरादून। उपराष्ट्रपति सी. पी. राधाकृष्णन ने आज देहरादून स्थित इंदिरा गांधी राष्ट्रीय वन अकादमी (आईजीएनएफए) में भारतीय वन सेवा (आईएफएस) के 2025-2027 बैच के परिवीक्षार्थियों तथा प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे रॉयल भूटान वन सेवा के अधिकारियों को संबोधित किया।

    अधिकारी प्रशिक्षुओं को बधाई देते हुए उपराष्ट्रपति ने कहा कि विकसित भारत@2047 की दिशा में आगे बढ़ते हुए आने वाले महत्वपूर्ण दशकों में वे भारत के वनों, वन्यजीवों, जैव विविधता और बहुमूल्य प्राकृतिक संसाधनों के प्रबंधन की जिम्मेदारी संभालेंगे।

    उन्होंने कहा कि देश की पारिस्थितिक सुरक्षा को सुदृढ़ करने और वर्ष 2070 तक शुद्ध-शून्य उत्सर्जन के लक्ष्य को प्राप्त करने में भारतीय वन सेवा का योगदान महत्वपूर्ण है।

    उपराष्ट्रपति ने कहा कि विकास और संरक्षण एक-दूसरे के विरोधी नहीं हैं और सदैव साथ-साथ चल सकते हैं। उन्होंने अधिकारियों से संरक्षण और विकास, पारिस्थितिक सुरक्षा और आजीविका तथा वर्तमान आवश्यकताओं और भावी पीढ़ियों के हितों के बीच संतुलन स्थापित करने का आग्रह किया।

    व्यक्तिगत उत्कृष्टता के बजाय टीम की उत्कृष्टता का आह्वान करते हुए सी. पी. राधाकृष्णन ने कहा कि निरंतर सामूहिक प्रयास ही राष्ट्रों और संस्थानों का निर्माण करता है। उन्होंने पीढ़ियों से वनों और प्राकृतिक पारिस्थितिकी तंत्रों के साथ सामंजस्य में जीवन जीने वाले समुदायों द्वारा संचित पारंपरिक ज्ञान का सम्मान करने की आवश्यकता पर बल दिया।

    लोक सेवा में सत्यनिष्ठा के महत्व पर जोर देते हुए उपराष्ट्रपति ने कहा कि “सत्यनिष्ठा से कोई समझौता नहीं किया जा सकता” और कठिन निर्णयों में संविधान, कानून, विज्ञान तथा व्यापक जनहित का मार्गदर्शन होना चाहिए। उन्होंने अधिकारियों को स्थानीय परिस्थितियों के अनुरूप सर्वोत्तम कार्यप्रणालियों को अपनाने के लिए भी प्रोत्साहित किया।

    वानिकी में प्रौद्योगिकी की बढ़ती भूमिका को रेखांकित करते हुए उन्होंने नई पीढ़ी के अधिकारियों से क्षेत्रीय अनुभव, विवेकपूर्ण निर्णय क्षमता और लोगों के प्रति संवेदनशीलता के साथ रिमोट सेंसिंग, जीआईएस, ड्रोन, कृत्रिम बुद्धिमत्ता और डेटा-आधारित प्रणालियों को समन्वित करने का आह्वान किया।

    उपराष्ट्रपति ने कहा कि भारत के सतत भविष्य के निर्माण में आधुनिक वैज्ञानिक वानिकी और भारत के सभ्यतागत ज्ञान को एक-दूसरे का पूरक बनना होगा।

    उपराष्ट्रपति ने वन सेवाओं में महिलाओं की बढ़ती भागीदारी का भी उल्लेख किया। उन्होंने बताया कि वर्तमान बैच में लगभग 17 प्रतिशत महिलाएं हैं और इसे एक उत्साहजनक बदलाव तथा नारी शक्ति का प्रमाण बताया।

    अधिकारियों को अपने करियर का आकलन केवल उनके द्वारा धारण किए गए पदों से न करने की सलाह देते हुए उपराष्ट्रपति ने उनसे अपने योगदान का आकलन पुनर्स्थापित किए गए वनों, संरक्षित किए गए वन्यजीवों, जिन समुदायों का विश्वास उन्होंने अर्जित किया है और भावी पीढ़ियों के लिए छोड़ी गई विरासत के आधार पर करने का आग्रह किया। उन्होंने अधिकारियों से सदैव राष्ट्रहित को सर्वोपरि रखने का आह्वान करते हुए कहा: “राष्ट्र प्रथम”।

    इस अवसर पर उत्तराखंड के राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (सेवानिवृत्त), उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी, आईजीएनएफए के निदेशक डॉ. राजेंद्र प्रसाद, कोर्स निदेशक अजीता लोंगजाम तथा अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे।

  • रक्षाबंधन पर महिलाएं करेंगी रोडवेज बसों में निशुल्क यात्रा

    रक्षाबंधन पर महिलाएं करेंगी रोडवेज बसों में निशुल्क यात्रा

    देहरादून। रक्षाबंधन पर्व के अवसर पर मुख्यमंत्री  पुष्कर सिंह धामी ने प्रदेश की महिलाओं को बड़ी सौगात दी है। रक्षाबंधन के अवसर पर 28 एवं 29 अगस्त 2026 को उत्तराखंड की महिलाएं प्रदेश के भीतर उत्तराखंड परिवहन निगम द्वारा संचालित बसों में शत-प्रतिशत किराया छूट के साथ निशुल्क यात्रा कर सकेंगी।

    उत्तराखंड शासन द्वारा इस संबंध में आदेश जारी कर उत्तराखंड परिवहन निगम को आवश्यक कार्यवाही सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। आदेश के अनुसार रक्षाबंधन पर्व के अवसर पर 28 और 29 अगस्त को प्रदेश की महिलाओं को उत्तराखंड परिवहन निगम की बसों में यात्रा के लिए कोई किराया नहीं देना होगा।

    महिलाओं के आवागमन को सुगम बनाने की पहल
    रक्षाबंधन पर्व पर बड़ी संख्या में महिलाएं अपने मायके एवं परिजनों से मिलने के लिए यात्रा करती हैं। राज्य सरकार की इस पहल से उन्हें सुरक्षित, सुगम एवं निशुल्क सार्वजनिक परिवहन की सुविधा मिलेगी। सरकार का उद्देश्य पर्व के दौरान महिलाओं के आवागमन को आसान बनाना तथा उन्हें आर्थिक राहत प्रदान करना है।

    निशुल्क यात्रा से होने वाले व्यय की प्रतिपूर्ति करेगी सरकार
    इस संबंध में अपर सचिव उत्तराखंड शासन रीना जोशी ने शासनादेश में स्पष्ट किया गया है कि महिलाओं को निशुल्क यात्रा सुविधा प्रदान किए जाने के फलस्वरूप उत्तराखंड परिवहन निगम को होने वाले व्ययभार की प्रतिपूर्ति राज्य सरकार द्वारा की जाएगी। परिवहन विभाग ने निगम को शासनादेश के अनुरूप तत्काल आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।
    रक्षाबंधन पर प्रदेश की बहनों के लिए धामी सरकार का यह निर्णय महिला सम्मान, सुविधा और सशक्तिकरण की दिशा में एक और महत्वपूर्ण पहल है।

  • श्रीनगर नगर निगम की मेयर और पति की हुई घर वापसी

    श्रीनगर नगर निगम की मेयर और पति की हुई घर वापसी

    मेयर आरती व लखपत भंडारी ने कहा,भाजपा हमारा घर

    प्रदेश के एकमात्र निर्दलीय महापौर समेत 10 पार्षद हुए भाजपाई

    प्रदेश के सभी 11 नगर निगमों में भाजपा के मेयर

    देहरादून। विधानसभा चुनाव की जारी हलचल के बीच तोड़ फोड़ का खेल शुरू हो गया है। नगर निगम चुनाव में भाजपा की बागी उम्मीदवार व निर्दलीय तौर पर मेयर का चुनाव जीतने वालीं आरती भंडारी और उनके पति लखपत भंडारी ने घर वापसी की है।
    बुधवार को श्रीनगर की मेयर आरती भंडारी के साथ दस पार्षदों ने प्रदेश मुख्यालय में भाजपा की सदस्यता ली।

    इसके साथ ही सभी 11 नगर निगमों में मेयर की सीट पर भाजपा का कब्जा हो गया है। प्रदेश अध्यक्ष एवं राज्यसभा सांसद महेंद्र भट्ट एवं कैबिनेट मंत्रीधन सिंह रावत ने श्रीनगर नगर निगम के कांग्रेस के दो पार्षदों समेत कुल 10 पार्षदों को भी पार्टी में शामिल कराया।
    गौरतलब की जनवरी 2025 में भाजपा का टिकट नहीं मिलने पर लखपत भंडारी ने बगावत कर अपनी पत्नी आरती भंडारी को निर्दलीय मेयर का चुनाव लड़वा दिया। और जीत हासिल की।

    श्रीनगर मेयर के चुनाव में भाजपा प्रत्याशी।की हार कैबिनेट मंत्री धन सिंह रावत की हार मानी गयी थी। चुनाव प्रचार के दौरान लखपत भंडारी ने श्रीनगर से भाजपा विधायक व मंत्री धन सिंह रावत पर कई संगीन आरोप लगाए थे।

    पार्टी प्रदेश मुख्यालय में हुए इस ज्वाइनिंग कार्यक्रम में प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट ने सभी नए सदस्यों का स्वागत करते हुए कहा, परिवार के पुराने लोगों के आपस मिलने जैसी खुशी आज महसूस हो रही है। हम पार्टी को परिवार के रूप में मानते हैं, जब बड़ी संख्या में लोग जुड़ते हैं, तो हमारे परिवार का हिस्सा बन जाते हैं।

    इस दौरान कैबिनेट मंत्री धन सिंह रावत ने भंडारी दम्पत्ति को घर वापसी की बधाई देते हुए स्वागत किया। कहा कि जल्द ही श्रीनगर में एक बड़ा कार्यक्रम करेंगे । और एक हजार नए सदस्यों को पार्टी से जोड़ा जाएगा।

    पार्टी की सदस्यता लेने वाली श्रीनगर मेयर श्रीमती आरती भंडारी ने भाजपा प्रदेश अध्यक्ष एवं मुख्यमंत्री धामी समेत प्रदेश नेतृत्व का इस अवसर के लिए आभार व्यक्त किया। हमारी पहले भी सोच एक थी, आज हम सब की सोच एक है और अब हम सब को मिलकर भाजपा के लिए काम करना है। भाजपा सनातन धर्म और संस्कृति को केंद्र में रखकर कार्य करती है, जो हम सबकी मूल भावना के अनुरूप है। वहीं स्वीकारा कि निश्चित तौर पे कुछ परिस्थितियाँ ऐसी थीं कि नगर निगम चुनाव में हमें विभिन्न परिस्थिति में अलग होकर चुनाव लड़ना पड़ा था। लेकिन हमारी विचारधारा हमेशा भाजपा के प्रति थी और मेरे लिए बहुत खुशी और गर्व की बात है कि आज मेरी पुनः अपने घर में वापसी हुई है। उन्होंने कैबिनेट मंत्री धन सिंह रावत का भी आभार प्रकट किया कि आपने पुनः अपनी टीम में हमें शामिल किया और एक बार पुनः पार्टी की सेवा करने का मौका दिया।

    वहीं पार्टी की सदस्यता लेने वाले वरिष्ठ नेता लखपत भंडारी ने बताया कि बहुत सारे लोगों ने अपनी ताकत लगाई, किसी भी प्रकार से हम उनके साथ जुड़ जाएं, बहुत प्रलोभन दिए। लेकिन मेरी विचारधारा जिस परिवार से जुड़ी है, मैं उसको छोड़ नहीं सकता था। इसमें सबसे बड़ी जो भूमिका थी, वह मेरी पत्नी और श्रीनगर महापौर की, उन्होंने भी कहा कि हम जिस दिन किसी पार्टी को ज्वाइन करेंगे तो भारतीय जनता पार्टी परिवार को ही ज्वाइन करेंगे, अन्यथा निर्दलीय ही रहेंगे।
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    श्रीनगर नगर निगम से पार्टी ज्वाइन करने वालों में निर्दलीय पार्षद श्रीमती अंजनी भंडारी, श्रीनति मीणा देवी, श्रीमती भावना चौहान, प्रवेश चमोली, श्री विजय कुमार चमोली, आशीष नेगी, धर्म सिंह रावत, नरेंद्र सिंह रावत, कांग्रेस से पार्षद राजकुमार, अनुराग चौहान के नाम प्रमुख है।

    इस अवसर पर प्रदेश महामंत्री कुंदन परिहार, तरुण बंसल, प्रदेश मीडिया प्रभारी मनवीर चौहान, पौड़ी जिला प्रभारी नलिन भट्ट, पौड़ी जिला अध्यक्ष कमल किशोर रावत भी मौजूद रहे।

  • उत्तराखंड बोर्ड ने घोषित किया परीक्षाफल सुधार परीक्षा का रिजल्ट

    उत्तराखंड बोर्ड ने घोषित किया परीक्षाफल सुधार परीक्षा का रिजल्ट

    हाईस्कूल का कुल परीक्षाफल 92 से बढ़कर हुआ 96 फसदी

    इण्टरमीडिएट में 85 से 91 फीसदी हुई उत्तीण छात्रों की संख्या

    रामनगर/देहरादून । उत्तराखंड विद्यालयी शिक्षा परिषद् ने हाईस्कूल एवं इण्टरमीडिएट परिषदीय परीक्षाफल सुधार परीक्षा 2026 का परीक्षा परिणाम घोषित कर दिये है। परीक्षाफल सुधार परीक्षा-2026 के तहत हाईस्कूल का कुल परीक्षा परिणाम 83.13 फीसदी रहा जबकि इण्टरमीडिएट में परीक्षा परिणाम 73.35 फीसदी रहा। इसके साथ ही अब बोर्ड परीक्षा के कुल परीक्षा परिणामों के आंकड़ों में भी वृद्धि हुई है।

    उत्तराखंड विद्यालयी शिक्षा परिषद के सभापति व निदेशक माध्यमिक शिक्षा वी.पी. सिमल्टी ने बताया कि बोर्ड ने हाईस्कूल एवं इण्टरमीडिएट परिषदीय परीक्षाफल सुधार परीक्षा 2026 (प्रथम) एवं परीक्षाफल सुधार परीक्षा 2025 (तृतीय) का परीक्षा परिणाम घोषित कर दिया है। परीक्षाफल सुधार परीक्षा 2026 (प्रथम) के तहत हाईस्कूल का कुल परीक्षाफल 83.13 फीसदी रहा। जिसमें बालकों का उत्तीर्ण प्रतिशत 82.61 प्रतिशत तथा बालिकाओं का 84.34 प्रतिशत रहा। इसी प्रकार इण्टरमीडिएट में कुल परीक्षाफल 73.35 फसदी रहा। जिसमें बालकों का उत्तीण प्रतिशत 71.20 प्रतिशत तथा बालिकाओं का 76.07 प्रतिशत रहा। उन्होंने बताया कि परीक्षाफल सुधार परीक्षा के उपरांत बोर्ड परीक्षा के कुल परीक्षा परिणामों के आंकड़ों में भी वृद्धि हुई है। जिसके तहत हाईस्कूल का कुल परीक्षाफल 92.10 फीसदी से बढ़कर 96.07 फीसदी हो गया है, जिसमें 93.94 फीसदी बालक व 98.14 फीसदी बालिकाएं हैं। इसी प्रकार इण्टरमीडिएट में भी उत्तीर्ण प्रतिशत में जबरदस्त उछाल आया है। पहले जहां 85.11 फीसदी छात्र-छात्राएं उत्तीर्ण हुई अब इनकी संख्या बढ़कर 91.80 फीसदी हो गई है। जिसमें 89.26 फीसदी बालक और 94.16 फीसदी बालिकाएं शामिल हैं।

    परिसद के सभापति वी.पी. सिमल्टी ने बताया कि बोर्ड ने परीक्षाफल सुधार परीक्षा 2025 (तृतीय) के परीक्षा परिणाम भी घोषित कर दिये हैं। जिसमें हाईस्कूल का कुल परीक्षा परिणाम 66.67 फीसदी रहा। जिसमें बालकों का परीक्षाफल 71.88 फीसदी तथा बालिकाओं का 57.89 फीसदी रहा। इसी प्रकार इण्टरमीडिएट का कुल परीक्षा परिणाम 58.70 फीसदी रहा। जिसमें बालकों का उत्तीर्ण प्रतिशत 61.54 तथा बालिकाओं का 55.00 फीसदी रहा।

    बयान–
    परीक्षाफल सुधार परीक्षा उन छात्र-छात्राओं के लिए एक महत्वपूर्ण अवसर है, जो मुख्य बोर्ड परीक्षा में किसी विषय में अनुत्तीर्ण रह गये हों या फिर अपने अंकों में सुधार करना चाहते हों। इसके माध्यम से छात्र-छात्राओं को अपनी मेहनत के बल पर बेहतर परिणाम प्राप्त करने का एक और अवसर मिलता है। परीक्षाफल सुधार परीक्षा में उत्तीर्ण सभी छात्र-छात्राओं एंव उनके अभिभावकों को बधाई व शुभकामनाएं। – डाॅ. धन सिंह रावत, विद्यालयी शिक्षा मंत्री, उत्तराखंड।

  • युवाओं ने जल क्रीड़ा में हासिल किया राष्ट्रीय स्तर का प्रमाणन

    युवाओं ने जल क्रीड़ा में हासिल किया राष्ट्रीय स्तर का प्रमाणन

    टिहरी झील में चला विशेष प्रशिक्षण अभियान

    राष्ट्रीय जल क्रीड़ा संस्थान, गोवा के सहयोग से सम्पन्न हुआ 15-दिवसीय विशेष प्रशिक्षण

    नई टिहरी। उत्तराखण्ड पर्यटन विकास परिषद द्वारा प्रदेश के युवाओं को साहसिक पर्यटन के क्षेत्र में रोजगार व स्वरोजगार से जोड़ने की दिशा में एक और महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल हुई है। जनपद टिहरी स्थित टिहरी झील में राष्ट्रीय जल क्रीड़ा संस्थान, गोवा के सहयोग से 05 से 19 अगस्त 2026 तक आयोजित 15-दिवसीय जल क्रीड़ा प्रशिक्षण कार्यक्रम सफलतापूर्वक सम्पन्न हुआ। इसमें प्रदेश के समस्त जनपदों से चयनित 20 प्रशिक्षुओं ने प्रतिभाग कर प्रमाणित प्रशिक्षण प्राप्त किया।

    दिनांक 19 अगस्त 2026 को टिहरी झील परिसर में आयोजित समापन समारोह में राष्ट्रीय जल क्रीड़ा संस्थान, गोवा से प्रतिनियुक्त प्रशिक्षक प्रवीण सिंह रावत एवं विराज शिंदे उपस्थित रहे।

    इस अवसर पर परिषद के जल क्रीड़ा विशेषज्ञ भूपेन्द्र सिंह, ऑफिसर कमांडिंग विपिन मिश्रा, डिप्टी कमांडेंट आशुतोष बिष्ट तथा जनपद के DTDO भी उपस्थित रहे तथा प्रशिक्षुओं का उत्साहवर्धन किया।

    “उत्तराखण्ड पर्यटन विकास परिषद की यह पहल राज्य के युवाओं को साहसिक पर्यटन के क्षेत्र में रोजगार एवं स्वरोजगार से जोड़ने की दिशा में एक ठोस कदम है। जल क्रीड़ा जैसे नवाचार-आधारित प्रशिक्षणों से न केवल स्थानीय युवा व्यावसायिक रूप से दक्ष बनेंगे, बल्कि प्रदेश साहसिक पर्यटन के क्षेत्र में एक वैश्विक गंतव्य के रूप में भी स्थापित होगा। सरकार की प्राथमिकता है कि प्रत्येक जनपद के युवाओं को कौशल विकास के ऐसे अवसर उपलब्ध कराए जाएँ, जिससे वे ‘रोजगार लेने वाले’ के बजाय ‘रोजगार देने वाले’ बनें।”
    — धीराज सिंह गर्ब्याल, सचिव पर्यटन

    प्रशिक्षण का विवरण

    15-दिवसीय पाठ्यक्रम को तीन चरणों में व्यवस्थित रूप से संचालित किया गया —
    प्रथम चरण (05 दिवस): जीवन रक्षक तकनीक / लाइफ सेविंग तकनीक
    द्वितीय चरण (05 दिवस): पावर बोट हैंडलिंग एवं टिलर
    तृतीय चरण (05 दिवस): वाटर स्कीइंग

    प्रशिक्षण सफलतापूर्वक पूर्ण करने वाले सभी प्रशिक्षुओं को राष्ट्रीय जल क्रीड़ा संस्थान, गोवा द्वारा प्रमाणित लाइसेंस प्रदान किया जाएगा, जो भारत सहित सम्पूर्ण मध्य-पूर्व क्षेत्र में मान्य होगा — जिससे प्रशिक्षुओं को राष्ट्रीय व अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर रोजगार के द्वार खुलेंगे।
    उत्तराखण्ड पर्यटन विकास परिषद की यह पहल राज्य में जल क्रीड़ा पर्यटन को नई दिशा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। परिषद का लक्ष्य ऐसे प्रशिक्षणों के माध्यम से स्थानीय युवाओं को व्यावसायिक रूप से सक्षम बनाकर ‘रोजगार सृजन’ एवं ‘साहसिक पर्यटन में उत्तराखण्ड को विश्व-स्तरीय पहचान’ दिलाने के व्यापक लक्ष्य को साकार करना है।

  • वसंत विहार चेन स्नैचिंग केस: ‘तमंचा’ पुलिस मुठभेड़ में घायल

    वसंत विहार चेन स्नैचिंग केस: ‘तमंचा’ पुलिस मुठभेड़ में घायल

    ‘तमंचे’ ने 14 अगस्त को वसंत विहार में वृद्धा से लूटी थी चेन

    हरबंसवाला बैरियर पर चेकिंग के दौरान भागा बदमाश पुलिस पर की फायरिंग

    जवाबी कार्रवाई में पैर में लगी गोली

    देहरादून। पांच दिन पहले वसंत विहार में दिन दहाड़े वृद्धा की चेन लूटने वाला बदमाश पुलिस के हत्थे चढ़ गया।  बसंत विहार क्षेत्र में मंगलवार की देर रात हरबंसवाला बैरियर पर चेकिंग के दौरान हुई मुठभेड़ के बाद घायल बदमाश को गिरफ्तार किया गया।

    पुलिस की जवाबी कार्रवाई में स्कूटी सवार बदमाश पैर में गोली लगने से घायल हो गया था। घायल बदमाश को उपचार के लिए प्रेमनगर अस्पताल ले जाया गया, जहां से उसे उच्च उपचार के लिए जिला अस्पताल रेफर किया गया।

    पुलिस के अनुसार, हरबंसवाला बैरियर पर देर रात सघन चेकिंग अभियान चलाया जा रहा था। इसी दौरान बिना नंबर प्लेट की स्कूटी सवार को पुलिस टीम ने रोकने का प्रयास किया। चालक चेकिंग प्वाइंट पर नहीं रुका और टी-स्टेट की ओर भागने लगा। पुलिस टीम ने उसका पीछा किया। इस दौरान बदमाश ने पुलिस टीम पर फायरिंग कर दी।
    पुलिस ने जवाबी कार्रवाई करते हुए पीछा जारी रखा। इसी दौरान पुलिस और बदमाश के बीच मुठभेड़ हो गई। मुठभेड़ में स्कूटी सवार बदमाश के पैर में गोली लगी और वह घायल होकर गिर पड़ा। सूचना मिलते ही अधिकारी मौके पर पहुंचे और घटनास्थल का निरीक्षण किया। अधिकारियों ने अस्पताल पहुंचकर घायल बदमाश के उपचार की जानकारी भी ली।
    पुलिस के मुताबिक घायल बदमाश की पहचान आकाश उर्फ तमंचा (27) पुत्र जगदीश लाल, निवासी शिवाजी एनक्लेव, जैन प्लॉट, थाना रायपुर, देहरादून के रूप में हुई है। वह 14 अगस्त को बसंत विहार क्षेत्र में वृद्ध महिला से हुई चेन स्नैचिंग की घटना का आरोपी बताया गया है। इस मामले में उसके खिलाफ बसंत विहार थाने में मुकदमा दर्ज है।
    मौके पर एफएसएल टीम ने पहुंचकर घटनास्थल का निरीक्षण किया। पुलिस ने बदमाश के कब्जे से 315 बोर का देशी तमंचा, एक खोखा कारतूस, एक जिंदा कारतूस और बिना नंबर प्लेट की नीले रंग की एक्टिवा स्कूटी बरामद की है।

    पुलिस के अनुसार, पूछताछ में स्कूटी को कोतवाली नगर क्षेत्र से चोरी किया जाना बताया गया है। इसके अलावा 14 अगस्त की चेन स्नैचिंग की घटना में लूटी गई चेन भी बरामद की गई है।
    पुलिस मामले में आरोपी के आपराधिक इतिहास और मुठभेड़ की परिस्थितियों की जांच कर रही है।

  • दून के सीमाद्वार की जलभराव समस्या का होगा पुख्ता समाधान

    दून के सीमाद्वार की जलभराव समस्या का होगा पुख्ता समाधान

    सीमाद्वार में सफाई और जल निकासी के निर्देश

    जलनिकासी कार्यो की होगी नियमित मॉनिटरिंग

    लोनिवि को डीपीआर बनाने के निर्देश

    देहरादून। बारिश के कारण देहरादून शहर में जलभराव की भारी समस्या को जिला प्रशासन ने गंभीरता से लिया है। जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान ने मंगलवार को आईटीबीपी रोड, सीमाद्वार क्षेत्र का औचक निरीक्षण कर जलभराव की स्थिति का जायजा लिया।
    उन्होंने स्थानीय लोगों की समस्याएं सुनीं और अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि जलभराव से आमजन को किसी भी दशा में परेशानी न हो तथा समस्या के तत्काल, अस्थायी और स्थायी समाधान के लिए प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। निरीक्षण के दौरान क्षेत्रीय विधायक सविता कपूर भी मौजूद रहीं।

    जिलाधिकारी ने जलभराव की गंभीर स्थिति को देखते हुए नगर निगम एवं लोक निर्माण विभाग को तत्काल कार्रवाई के सख्त निर्देश दिए।
    उन्होंने नगर निगम को निर्देशित किया कि 24 घंटे के भीतर सड़क किनारे नालियों में जमा मलबे एवं कूड़े की सफाई कराई जाए तथा डिवाटरिंग पंप के माध्यम से जमा पानी की निकासी सुनिश्चित की जाए। साथ ही, लोनिवि को सड़क पर आवागमन सुचारू बनाने के निर्देश दिए।

    जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि जब तक जलभराव की समस्या का तत्कालिक समाधान नहीं हो जाता, तब तक पटवारी सीमाद्वार क्षेत्र में ही रहकर स्थिति की लगातार निगरानी रखें। क्षेत्र में डिवाटरिंग कार्यों की मॉनिटरिंग के साथ-साथ स्थानीय स्तर पर आने वाली छोटी-छोटी समस्याओं का तत्काल निस्तारण सुनिश्चित करें। जलभराव के त्वरित समाधान के लिए जिलाधिकारी ने मौके पर ही आवश्यक बजट की स्वीकृति भी प्रदान की।

    जिलाधिकारी ने कहा कि सीमाद्वार क्षेत्र में जलभराव की समस्या का स्थायी समाधान हर हाल में सुनिश्चित किया जाना चाहिए, ताकि बरसात के दौरान आमजन को आवागमन में परेशानी न हो। जिलाधिकारी ने लोक निर्माण विभाग के अधीक्षण अभियंता को निर्देश दिए कि क्षेत्र की जल निकासी व्यवस्था का विस्तृत सर्वेक्षण कर ड्रेनेज सिस्टम के स्थायी समाधान के लिए डीपीआर तैयार की जाए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि कार्ययोजना केवल कागजों तक सीमित न रहे, बल्कि उसका तेजी से क्रियान्वयन सुनिश्चित भी किया जाए।

    जिलाधिकारी ने स्थानीय लोगों से संवाद करते हुए कहा कि जिला प्रशासन जलभराव की समस्या की नियमित निगरानी कर रहा है और इसका स्थायी समाधान प्राथमिकता के आधार पर कराया जाएगा।
    उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जनसमस्याओं के निस्तारण में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

    अतिक्रमण पर सख्ती

    इससे पूर्व जिलाधिकारी ने न्यूकैंट रोड पर यातायात जाम की समस्या का भी औचक निरीक्षण किया। सेंट्रियो मॉल क्षेत्र में सड़क के दोनों ओर अवैध रूप से खड़े चौपहिया एवं दोपहिया वाहनों को देखकर डीएम ने कड़ी नाराजगी व्यक्त की। जिलाधिकारी ने पुलिस अधिकारियों के माध्यम से सड़क किनारे अवैध ढंग से पार्क वाहनों के तत्काल चालान भी करवाए।

    उन्होंने सड़क किनारे अवैध रूप से संचालित फड़-फेरी एवं अस्थायी दुकानों को भी तत्काल हटाने के निर्देश दिए। साथ ही, संबंधित विभाग को सड़क पर नो-पार्किंग के स्पष्ट संकेतक बोर्ड लगाने को कहा, ताकि यातायात व्यवस्था बाधित न हो।
    जिलाधिकारी ने लोनिवि के अधीक्षण अभियंता को न्यूकैंट रोड के चौड़ीकरण के लिए तत्काल सर्वेक्षण कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सड़क चौड़ीकरण में बाधक पुलिस चेकपोस्ट एवं अन्य संरचनाओं को आवश्यकतानुसार शिफ्ट कराने की कार्रवाई की जाए, ताकि न्यूकैंट क्षेत्र में बढ़ती यातायात समस्या का स्थायी समाधान किया जा सके।

    जिलाधिकारी ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि सड़क पर अतिक्रमण, अवैध पार्किंग और यातायात व्यवस्था में बाधा किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ अभियान चलाकर कार्रवाई करने तथा यातायात व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने के निर्देश दिए।

    निरीक्षण के दौरान उप जिलाधिकारी सदर अपूर्वा सिंह, अधीक्षण अभियंता लोनिवि ओपी सिंह, तहसीलदार सुरेंद्र देव सहित पुलिस, नगर निगम एवं संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।