Category: स्वास्थ्य

  • स्वीकृत बजट समय पर खर्च करें अधिकारीः डा. धन सिंह रावत

    स्वीकृत बजट समय पर खर्च करें अधिकारीः डा. धन सिंह रावत

    उच्च शिक्षा में प्रयोगशाला उपकरणों हेतु जारी किये 5.30 करोड़

    देहरादून। उच्च शिक्षा विभाग के अंतर्गत राजकीय महाविद्यालयों में विभिन्न विषयों की प्रयोगशालाओं को आधुनिक उपकरणों से लैस करने के दृष्टिगत रू0 5.30 करोड़ की धनराशि डीबीटी के माध्यम से जारी की गई है। प्रथम चरण में सूबे के 46 राजकीय महाविद्यालयों को यह धनराशि दी गई है साथ ही सभी प्राचार्यों को समय रहते उपकरणों की खरीद करने के निर्देश भी दिये गये हैं।

    सूबे के उच्च शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने आज अपने शासकीय आवास में उच्च शिक्षा विभाग के अधिकारियों की मौजूदगी में वर्चुअल माध्यम से राजकीय महाविद्यालयों में प्रयोगशाला उपकरणों की खरीद हेतु रू0 5 करोड़ 30 लाख की धनराशि डीबीटी के माध्यम से जारी की। यह धनराशि सूबे के 46 महाविद्यालयों को उपलब्ध कराई गई है। जिससे इन महाविद्यालयों में प्रयोगशाला के आधुनिक उपकरणों की खरीद की जानी है। मीडिया को जारी बयान में डा. रावत ने बताया कि विभागीय अधिकारियों को समय रहते आवश्यकतानुसार उपकरणों की खरीद करने के निर्देश भी दे दिये गये हैं। उन्होंने बताया कि महाविद्यालयों को यह धनराशि भारत सरकार की स्कीम फॉर स्पेशल असिस्टेंस टू स्टेट्स फॉर कैपिटल इवेंस्टमेंट 2023-24 योजना के तहत धनराशि प्रदान की गई है। जिससे चयनित महाविद्यालयों में भौतिक विज्ञान, रसायन विज्ञान, जन्तु विज्ञान, वनस्पति विज्ञान, गृह विज्ञान, सैन्य विज्ञान, शिक्षाशास्त्र, मानव विज्ञान आदि विषयों की प्रयोगशालाओं में उपकरणों की खरीद की जायेगी। योजना के अंतर्गत राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय रानीखेत, अल्मोड़ा को विभिन्न विषयों की प्रयोगशाला उपकरण हेतु रू0 14 लाख की धनराशि स्वीकृत की गई है। इसी प्रकार पीजी कॉलेज सोमेश्वर एवं राजकीय महाविद्यालय जैती को रू0 12-12 लाख की धनराशि मंजूर की गई। बागेश्वर जनपद के अंतर्गत राजकीय महाविद्यालय कपकोट एवं गरूड़ को रू0 10-10 लाख तथा राजकीय महाविद्यालय काण्डा के लिये रू0 12 लाख की धनराशि स्वीकृत की गई है। चम्पावत जनपद के अंतर्गत राजकीय महाविद्यालय देवीधुरा को रू0 12 लाख तथा राजकीय महाविद्यालय अमोरी को रू0 10 लाख की धनराशि प्रदान की गई है। पिथौरागढ़ जनपद के अंतर्गत राजकीय स्नातकोत्तर कॉलेज बेरीनाग के लिये रू0 12 लाख तथा मुनस्यारी पीजी कॉलेज के लिये रू0 आठ लाख स्वीकृत किये गये हैं। नैनीताल में पीजी कॉलेज रामनगर को रू0 14 लाख, डिग्री कॉलेज मालधनचौड़ को रू0 आठ लाख तथा डिग्री कॉलेज कोटाबाग तथा पीजी कॉलेज हल्दूचौड़ को रू0 12-12 लाख स्वीकृत किये गये हैं। ऊधमसिंह नगर जनपद में डिग्री कॉलेज सितारगंज तथा बाजपुर के लिये रू0 12-12 लाख की धनराशि मंजूर की गई है। पौड़ी गढ़वाल में पीजी कॉलेज कोटद्वार एवं थलीसैंण को रू0 14-14 लाख, डिग्री कॉलेज रिखणीखाल, भाबर कोटद्वार, सतपुली एवं पीजी कॉलेज जयहरीखाल को रू012-12 लाख तथा मजरा महादेव महाविद्यालय को रू0 आठ लाख की धनराशि स्वीकृत की गई है। टिहरी गढ़वाल में पीजी कॉलेज नई टिहरी को रू0 14 लाख, पीजी कॉलेज अगरोड़ा, नरेन्द्र नगर एवं लम्बगांव को रू0 12-12 लाख तथा पीजी कॉलेज नैनबाग तथा चन्द्रबदनी को रू0 10-10 लाख प्रदान किये गये हैं। चमोली जनपद के तहत पीजी कॉलेज गोपेश्वर, कर्णप्रयाग एवं जोशीमठ को रू0 12-12 लाख तथा लॉ कालेज गोपेश्वर के लिये रू0 आठ लाख की धनराशि स्वीकृत की गई है। देहरादून जनपद में पीजी कॉलेज डाकपत्थर, डिग्री कॉलेज रायपुर तथा डोईवाला को रू0 14-14 लाख तथा डिग्री कॉलेज त्यूनी के लिये 12 लाख की धनराशि प्रदान की गई है। इसी प्रकार उत्तरकाशी जनपद में पीजी कॉलेज उत्तरकाशी, बड़कोट, चिनयालीसौड़ तथा पुरोला के लिये रू0 12-12 लाख तथा रूद्रप्रयाग जनपद में डिग्री कॉलेज रूद्रप्रयाग के लिये रू0 12 लाख तथा डिग्री कॉलेज जखोली के लिये रू0 आठ लाख स्वीकृत किये गये हैं। हरिद्वार जनपद में डिग्री कॉलेज खानपुर तथा चुडियाला के लिये रू0 आठ-आठ लाख की धनराशि योजना के अंतर्गत उपलब्ध कराई गई है।

    इस मौके पर सचिव उच्च शिक्षा शैलेश बगोली, अपर सचिव डा. आशीष श्रीवास्तव, रूसा सलाहकार प्रो0 एम0एस0एम0 रावत, प्रो0 के0डी0 पुरोहित, संयुक्त निदेशक उच्च शिक्षा प्रो0 ए0एस0 उनियाल, उप सचिव व्योमकेश दुबे, डा0 दीपक पाण्डे आदि उपस्थित रहे जबकि वर्चुअल माध्यम से निदेशक उच्च शिक्षा प्रो0 सी0डी0 सूंठा व विभिन्न महाविद्यालयों के प्राचार्य व विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।

  • दून मेडिकल कॉलेज में गायनी व सर्जरी विभाग द्वारा कैंसर के बारे में दी आवश्यक जानकारी

    दून मेडिकल कॉलेज में गायनी व सर्जरी विभाग द्वारा कैंसर के बारे में दी आवश्यक जानकारी

    देहरादून। अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस पर राजकीय दून मेडिकल कॉलेज में गायनी व सर्जरी विभाग द्वारा यूट्रस व ब्रेस्ट कैंसर के बारे में मरीज और आम जनता को आवश्यक जानकारी दी।इस स्वास्थ्य शिविर में बीमारी के लक्षण और बचाव के बारे में बताया गया।

    स्वास्थ्य शिविर में डॉक्टर चित्रा जोशी, डॉक्टर रीना पाल, डॉक्टर नेहा महाजन, डॉक्टर धनंजय डोभाल, डॉक्टर अनुराग अग्रवाल व प्रिंसिपल डॉक्टर आशुतोष सयाना मौजूद रहे।

  • सूबे के मेडिकल कॉलेजों को शीघ्र मिलेंगे 20 असिस्टेंट प्रोफेसर

    सूबे के मेडिकल कॉलेजों को शीघ्र मिलेंगे 20 असिस्टेंट प्रोफेसर

    चिकित्सा सेवा चयन बोर्ड की प्रतीक्षा सूची से हुआ चयन

    विभागीय मंत्री डा. धन सिंह रावत ने दी तैनाती की मंजूरी

    देहरादून। सूबे के राजकीय मेडिकल कॉलेजों में मेडिकल फैकल्टी की कमी को दूर करने के दृष्टिगत प्रदेश के चिकित्सा स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने उत्तराखंड चिकित्सा सेवा चयन बोर्ड की प्रतिक्षा सूची में चयनित 20 असिस्टेंट प्रोफेसर की तैनाती को मंजूरी दे दी है। इन सभी चयनित असिस्टेंट प्रोफेसरों को मेडिकल कॉलेजों में रिक्त पदो ंके सापेक्ष शीघ्र तैनाती दी जायेगी। मेडिकल कॉलेजों में फैकल्टी नियुक्त होने से जहां कॉलेजों में पठन-पाठन सुचारू होगा वहीं अस्पताल में आने वाले मरीजों को भी बेहतर उपचार मिल सकेगा।

    राज्य सरकार प्रदेश के मेडिकल कॉलेजों में फैकल्टी की कमी को दूर करने लिये लगातार प्रयासरत हैं। इसी क्रम में सरकार ने शासन द्वारा उपलब्ध कराये गये उत्तराखंड चिकित्सा सेवा चयन बोर्ड की प्रतीक्षा सूची में चयनित 20 असिस्टेंट प्रोफेसर की तैनाती को मंजूरी दे दी है। शीघ्र ही शासन स्तर से चयनित असिस्टेंट प्रोफेसरों की राजकीय मेडिकल कॉलजों में नियुक्ति के आदेश जारी कर दिये जायेंगे। जिसमें से राजकीय मेडिकल कॉलेज देहरादून में सर्वाधिक 07 असिस्टेंट प्रोफेसर की तैनाती की जायेगी। इसी प्रकार राजकीय मेडिकल कॉलेज अल्मोड़ा में 05, राजकीय मेडिकल कॉलेज हल्द्वानी में 04, राजकीय मेडिकल कॉलेज श्रीनगर में 03 तथा राजकीय मेडिकल कॉलेज रूद्रपुर में 01 असिस्टेंट प्रोफेसर की तैनाती की जायेगी। इससे पहले चिकित्सा शिक्षा विभाग ने प्रदेश के विभिन्न राजकीय मेडिकल कॉलेजों में विभिन्न संकायों के रिक्त असिस्टेंट प्रोफेसर के 339 पदों का अधियाचन उत्तराखंड चिकित्सा सेवा चयन बोर्ड को भेजा था जिसके सापेक्ष बोर्ड द्वारा चयनित विभिन्न संकाय के 171 असिस्टेंट प्रोफेसर को मेडिकल कॉलेजों में तैनाती प्रदान की गई। इसके उपरांत अब मेडिकल कॉलेजों में विभिन्न संकायों के रिक्त 20 पदों पर असिस्टेंट प्रोफेसर को तैनाती दी जायेगी। इन चयनित असिस्टेंट प्रोफेसरों की तैनाती से जहां एक ओर मेडिकल कॉलेजों में शैक्षिक गतिविधियां सुचारू होगी वहीं दूसरी ओर अस्पतालों में मरीजों को बेहतर उपचार मिल सकेगा।

    राजकीय मेडिकल कॉलेज में शत-प्रतिशत फैकल्टी तैनात की जायेगी, राज्य सरकार इस दिशा में काम कर रही है। चिकित्सा सेवा चयन बोर्ड द्वारा उपलब्ध प्रतिक्षा सूची में चयनित 20 असिस्टेंट प्रोफेसर की नियुक्ति मंजूर कर दी गई है, शीघ्र ही इन्हें विभिन्न मेडिकल कॉलेज में तैनाती दी जायेगी- डा. धन सिंह रावत, चिकित्सा स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा मंत्री, उत्तराखंड सरकार।

  • नर्सिंग अधिकारियो के 1455 पदों के लिए जल्द खुलेगा पोर्टल

    नर्सिंग अधिकारियो के 1455 पदों के लिए जल्द खुलेगा पोर्टल

    देहरादून। स्वास्थ्य मंत्री डॉ. धन सिंह रावत से नर्सिंग महासंघ उत्तराखंड के पदाधिकारियों ने मुलाकात की। इस दौरान नर्सिंग महासंघ ने नर्सिंग में आवेदन के लिए 12 दिसंबर को बंद हुए पोर्टल खोलने की मांग की। स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि आने वाले सप्ताह और लोकसभा चुनाव से पहले बेरोजगारों को इसका तोहफा मिल जाएगा।

    स्वास्थ्य मंत्री ने आश्वासन देते हुए कहा कि आगामी चार मार्च को कैबिनेट में इसका प्रस्ताव लाया जाएगा। आठ मार्च को मेडिकल कॉलेज निर्देशक को निर्देशित कर 1455 पदों का पोर्टल भरने के लिए खोल दिया जाएगा।

    नर्सिंग महासंघ ने कहा कि स्वास्थ्य मंत्री प्रदेश के नर्सिंग बेरोजगारों के लिए चिंतित हैं। स्वास्थ्य मंत्री के प्रयास से नर्सिंग अधिकारियों के 3000 पदों पर भर्ती प्रक्रिया पूरी होने जा रही है। जिससे प्रदेश की स्वास्थ्य व्यवस्था में सुधार आएगा। इसका सीधा लाभ प्रदेश की जनता को मिलेगा। नर्सिंग महासंघ उत्तराखंड के पदाधिकारियों ने कहा कि स्वास्थ्य मंत्री ने हमेशा बेरोजगारों के बारे में सोचा है नर्सिंग महासंघ उत्तराखंड के पदाधिकारी स्वास्थ्य मंत्री डॉ. धन सिंह रावत से मिलने पहुंचे।

    और उन्होंने कहा कि प्रदेश के सभी बेरोजगार युवाओं को आशा है कि उन्हें रोजगार मिलेगा। इस मौके पर नर्सिंग महासंघ उत्तराखंड के प्रदेश अध्यक्ष हर्ष व्यास, प्रदेश उपाध्यक्ष मनीष चौहान, लीला चौहान, विजय चौहान, विनोद उनियाल, भास्कर रावत यशपाल रावत, लोकेंद्र राणा, अजीत, सुषमा और हरीश भट्ट व एमा मौजूद रहे

  • सीएचसी चौण्ड प्रकरण में स्वास्थ्य मंत्री डॉ. रावत ने लिया एक्शन

    सीएचसी चौण्ड प्रकरण में स्वास्थ्य मंत्री डॉ. रावत ने लिया एक्शन

    स्वास्थ्य महानिदेशक को लापरवाह चिकित्सकों पर एक्शन लेने के निर्देश

    कहा, प्रत्येक अस्पताल में चिकित्सकों की लगेगी बायोमेट्रिक उपस्थिति

    देहरादून। टिहरी के सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र चौण्ड से रेफर होने पर गर्भवती महिलाओं की मौत के प्रकरण पर स्वास्थ्य महानिदेशक को लापरवाह चिकित्सकों के खिलाफ तत्काल कार्रवाही करने के निर्देश दे दिये गये हैं। इसके साथ ही प्रत्येक राजकीय चिकित्सा इकाइयों में चिकित्सकों सहित मेडिकल कार्मिकों व अन्य स्टॉफ की बायोमेट्रिक उपस्थित सुनिश्चित करने के निर्देश अधिकारियों को दे दिये हैं। मरीजों के उपचार व स्वास्थ्य देखभाल को लेकर किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जायेगी।

    सूबे के चिकित्सा स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने बताया कि टिहरी के सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र चौण्ड-लंबगांव में गर्भवती महिलाओं को चिकित्सकीय उपचार न मिलना ड्यूटी पर तैनात चिकित्सकों की घोर लापरवाही है। स्वास्थ्य मंत्री ने बताया कि चिकित्सालय में चिकित्सकों की अनाधिकृत रूप से अनुपस्थिति के कारण गर्भवती महिला को चिकित्सा सुविधा उपलब्ध न होने तथा हायर सेंटर रैफर करने पर रास्ते में गर्भवती की मृत्यु होने पर अनुपस्थित नियमित चिकित्सक एवं संविदा बॉण्डधारी चिकित्सक के खिलाफ त्वरित कार्रवाही करने के लिये स्वास्थ्य महानिदेशक डा. विनीता शाह को निर्देश दे दिये गये हैं।

    विभागीय मंत्री ने बताया कि प्रत्येक राजकीय चिकित्सा इकाई में चिकित्सकों, नर्सिंग अधिकारियों, फार्मासिस्टों, मेडिकल स्टॉफ सहित अन्य स्टॉफ की उपस्थिति सुचिश्चित करने के लिये बायोमेट्रिक उपस्थिति अनिवार्य की जाएगी, जिसके आधार पर ही कार्मिकों का वेतन आहरित किया जायेगा। डा. रावत ने बताया कि स्वास्थ्य विभाग जनता का विभाग है, लिहाजा अस्पतालों में मरीजों के उपचार व उनके स्वास्थ्य देखभाल को लेकर किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जायेगी। बजट सत्र में उठे इस प्रकरण पर डा. रावत ने कहा कि सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र चौण्ड में चिकित्सकों के नौ पद सृजित हैं, जिनके सापेक्ष चिकित्सालय में तीन चिकित्सक तैनात हैं।

    उन्होंने कहा कि जिला चिकित्सालय टिहरी व आस-पास के अस्पतालों से रोटेशन के आधार पर स्त्री रोग विशेषज्ञ की तैनाती चिकित्सालय में सप्ताह में तीन दिन के लिये कर दी गई है। स्त्री रोग विशेषज्ञ की तैनाती से गर्भवती महिलाओं को अस्पताल में चिकित्सकीय सुविधा व उपचार मिल सकेगा। डा. रावत ने बताया कि सरकार प्रदेश में चिकित्सकों की कमी को दूर करने में जुटी है। जल्द ही स्वास्थ्य विभाग को करीब 350 नये बॉडधारी चिकित्सक मिल जायेंगे, जिनकी तैनाती सुदूर व पर्वतीय क्षेत्रों के चिकित्सा इकाईयों की जायेगी।

  • सीएम धामी पहुंचे आईएएस हरिचंद सेमवाल का हालचाल जानने

    सीएम धामी पहुंचे आईएएस हरिचंद सेमवाल का हालचाल जानने

    सीएम धामी ने मंगलवार को सिनर्जी अस्पताल पहुँच कर वहां भर्ती आबकारी सचिव हरिचंद सेमवाल का हालचाल जाना और उनके शीघ्र स्वास्थ्य लाभ की कामना की। सीएम धामी ने चिकित्सकों से भी हरिचंद सेमवाल के स्वास्थ्य की जानकारी ली।

  • स्वास्थ्य मंत्री डॉ धन सिंह रावत ने डॉक्टरों और छात्रों  की साइकिल रैली को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया

    स्वास्थ्य मंत्री डॉ धन सिंह रावत ने डॉक्टरों और छात्रों की साइकिल रैली को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया

    देहरादून। राजकीय दून मेडिकल कॉलेज के डॉक्टरों और छात्राओं की साइकिल रैली को स्वास्थ्य मंत्री डॉ धन सिंह रावत हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस साइकिल रैली का उद्देश्य एक स्वस्थ्य जीवन शैली को बढ़ावा देना है। स्वास्थ्य मंत्री ने देश भर से आये डाक्टरों और विद्यार्थियों को एक प्रेरणा बताते हुए कहा कि स्वस्थ्य जीवनशैली के लिए रोगों को दूर करने की जागरूकता फैलाने के साथ सभी डॉक्टर्स भी अपना ख़्याल रखे और वादियों का आनंद लेते हुए साइकल चलाए।
    मंत्री ने प्राचार्य प्रोफ़ेसर (डॉ) आशुतोष सयाना एवं नैशनल मेडिकोस ऑर्गनायज़ेशन उत्तराखंड के पदाधिकारियों की सराहना की। उन्होंने सभी डॉक्टर्स के रहने खाने और सांस्कृतिक मनोरंजन की व्यवस्था की भी सराहना की।

    प्रोफ़ेसर (डॉ) अश्वनी टंडन अखिल भारतीय सचिव एनएमओ ने बताया कि यह स्वस्थ जीवनशैली साइकल यात्रा पिछले 10 सालो से निरंतर करायी जा रही है ताकी देश भर में स्वास्थ्य सेवा से राष्ट्र सेवा का आदर्श वाक्य सभी मेडिकोस तक पहुँचे जो पूरे समर्पण से अपनी सेवा अपने लोगों को दें। कार्यक्रम के दौरान डॉ आरके जैन अध्यक्ष अल्पसंख्यक आयोग , डॉ गीता खन्ना अध्यक्ष बल संगरक्शन आयोग, डॉ हिमांशु ऐरन आयोजक अध्यक्ष NMOCON, डॉ अभय कुमार, डॉ परवीन मित्तल, डॉ गोपाल, डॉ शोभित, डॉ योगेश्वरी सह सचिव NMOCON, शिवंशी, विक्रम, अंजलि, जस्लीन, वेदांत आदि मौजूद रहे ।

  • दून मेडिकल कालेज चिकित्सालय में गर्दन के ट्यूमर की जटिल सर्जरी

    दून मेडिकल कालेज चिकित्सालय में गर्दन के ट्यूमर की जटिल सर्जरी

    चार घंटे की सर्जरी के बाद निकाला गया ट्यूमर

    देहरादून। दून मेडिकल कालेज चिकित्सालय में 61 साल की महिला का चार घंटे तक अत्यंत जटिल आपरेशन किया गया। महिला की गर्दन में ट्यूमर था। चिकित्सकों की टीम ने इस आपरेशन में ट्यूमर को पूरी तरह निकालने में सफलता हासिल की है। ईएनटी विभाग के एसोसिएट प्रोफेसर डा. विकास सिकरवार ने मरीज को 2-3 माह से खाना गटकने में दिक्कत आ रही थी। साथ ही गले में दर्द की भी शिकायत थी। उसकी एमआइआर और अन्य जांच की गई तो पता चला कि महिला की गर्दन में बड़ा ट्यूमर है। यह ट्यूमर गले के बहुत जटिल भाग पैराफेरीन्जियल स्पेस में था, जो मुख्य तंत्रिका और रक्तवाहिकाओं से चिपका हुआ था।

    ऐसे में चिकित्सकों ने आपरेशन करने का फैसला लिया, जो काफी जटिल था। रक्त वाहिकाएं और तंत्रिकाओं के ट्यूमर से चिपके होने की वजह से यह जानलेवा भी हो सकता था। ऐसे में चिकित्सकों की टीम ने आपरेशन के दौरान दूरबीन का भी इस्तेमाल किया। आपरेशन में करीब चार घंटे लगे और ट्यूमर को सफलतापूर्वक निकाल लिया गया। आपरेशन करने वाली टीम में डा. विकास सिकरवार के साथ डा. प्रियंका, डा. मोनिका, डा. अनुराग, एनेस्थीसिया विभाग की डा. शोभा, डा. दीपिका, नैना और लक्ष्मी मौजूद रहे। प्राचार्य डा. आशुतोष सयाना, एमएस डा. अनुराग अग्रवाल, डिप्टी एमएस डा. धनंजय डोभाल, विभागाध्यक्ष डा. भावना पंत ने सफल आपरेशन के लिए टीम को बधाई दी है।

  • मरीजों व तीमारदारों को इस्कॉन देगा मुफ़्त भोजन

    मरीजों व तीमारदारों को इस्कॉन देगा मुफ़्त भोजन

    तीमारदारों को मुफ़्त भोजन इस्कॉन की मानवता की सेवा के प्रति समर्पण को दर्शाता है

    देहरादून। स्वास्थ्य, चिकित्सा स्वास्थ्य मंत्री डॉ धन सिंह रावत ने कहा है कि, दून अस्पताल में “फूड फॉर लाइफ” पहल का शुभारंभ लोगों की सेवा करने और अपनी सामाजिक जिम्मेदारियों को पूरा करने के लिए इस्कॉन की प्रतिबद्धता का प्रतीक है। मरीजों और उनके परिवारों को पौष्टिक भोजन प्रदान करके, संगठन का लक्ष्य अस्पताल में रहने के दौरान उनके सामने आने वाले शारीरिक और भावनात्मक बोझ को कम करना है। दया और करुणा का यह कार्य इस्कॉन के मूल मूल्यों और मानवता की सेवा के प्रति उसके समर्पण को दर्शाता है। स्वास्थ्य मंत्री डॉ रावत आज मंगलवार को दून मेडिकल कॉलेज के दून अस्पताल के एक सभागार में इंटरनेशनल सोसाइटी फॉर कृष्णा कॉन्शसनेस (इस्कॉन) की रसोई द्वारा मुफ्त वितरण भोजन कार्यक्रम में बोल रहे थे।

    उन्होंने कहा कि यह शानदार पहल है। सरकारी स्तर पर मरीज को तो थाली मिलती है लेकिन उनके तीमारदार छूट जाते हैं। अब करीब आठ सौ से एक हज़ार तीमारदारों को दून अस्पताल में इस्कॉन निशुल्क भोजन सेगा। डॉ रावत ने कहा कि श्रीनगर मेडिकल कॉलेज में इस्कॉन की रसोई के लिए एक बीघा जमीन की व्यवस्था जल्द की जाएगी। और दून हॉस्पिटल में रसोई के लिए जमीन का प्रबन्ध करने के लिए विचार किया जाएगा। आईआईटी मंडी के निदेशक व इस्कॉन के देहरादून निदेशक प्रोफेसर लक्ष्मीधर बेहरा ने कहा कि इस्कॉन की पहल से देहरादून में 10 किमी के दायरे में कोई भी भूखा नहीं रहेगा। संगठन जरूरतमंद लोगों को मुफ्त भोजन उपलब्ध कराने के लिए एक रसोई का निर्माण कर रहा है, जिससे यह सुनिश्चित होगा कि क्षेत्र में कोई भी भूखा नहीं रहेगा। दून अस्पताल में मरीजों को मुफ्त भोजन वितरण यह प्रयास लोगों की सेवा करने और भूख के मुद्दे को ठोस और प्रभावशाली तरीके से संबोधित करने के लिए इस्कॉन की प्रतिबद्धता का एक प्रमाण है।

    उन्होंने कहा इस्कॉन के 111 किचन हैं अब तक लोगों को साढ़े पांच सौ करोड़ थाली निशुल्क खिला चुके हैं। यह उन लोगों को सीधे पोषण प्रदान करने की अनुमति देता है जिन्हें इसकी सबसे अधिक आवश्यकता हो सकती है। मरीजों और उनके परिवारों को अक्सर अस्पताल में रहने के दौरान उचित पोषण प्राप्त करने में कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है, और इस्कॉन के प्रयासों का उद्देश्य इस बोझ को कम करना है। इस उपक्रम का महत्व भोजन की तत्काल व्यवस्था से कहीं अधिक है। यह लोगों के कल्याण के लिए एक बड़ी प्रतिबद्धता और इसके स्रोत पर भूख के मुद्दे को संबोधित करने के महत्व की मान्यता का प्रतीक है। दून अस्पताल में एक रसोई और वितरण प्रणाली स्थापित करके, इस्कॉन न केवल तत्काल राहत प्रदान कर रहा है, बल्कि भूख के खिलाफ लड़ाई में निरंतर समर्थन के लिए मंच भी तैयार कर रहा है।

    इस्कॉन द्वारा अपनाया गया दृष्टिकोण भूख से निपटने में दक्षता और प्रभावशीलता के प्रति प्रतिबद्धता दर्शाता है। एक केंद्रीकृत रसोई और वितरण प्रणाली की स्थापना करके, संगठन यह सुनिश्चित करने में सक्षम है कि संसाधनों का उपयोग सबसे प्रभावशाली तरीके से किया जाए, उन लोगों तक पहुंचाया जाए जिन्हें इसकी सबसे अधिक आवश्यकता है।

    फूड फॉर लाइफ पहल इस्कॉन के खाद्य राहत कार्यक्रम का एक हिस्सा है, जो 1972 में अपनी स्थापना के बाद से हर दिन लाखों लोगों को भोजन परोस रहा है। यह पहल इस्कॉन के संस्थापक, श्रील प्रभुपाद की दयालु दृष्टि में निहित है, जो इससे बहुत प्रभावित हुए थे। जब उन्होंने गांव के लड़कों को खाने के थोड़े से टुकड़ों के लिए सड़क में लड़ते देखा। इस अनुभव ने उन्हें भूख मिटाने और जरूरतमंद लोगों को भोजन उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध एक वैश्विक आंदोलन बनाने के लिए प्रेरित किया।

    इस मौके पर पूर्व मेयर सुनील उनियाल , प्राचार्य, दून मेडिकल कॉलेज डॉ. आशुतोष सयाना, इस्कॉन की ओर से, निम्नलिखित प्रतिनिधि, एचजी लीला पुरूषोत्तम प्रभु, अनिरुद्ध कीर्तन दास, एचजी सर्वात्मा श्याम दास, एचजी गदाधर गौरांग दास, एचजी सुमोहन हरि दास, मनीष झा और अमित जुनेजा, दीपक सिंघल, विशाल गुप्ता, लच्छु गुप्ता सहित बड़ी संख्या में लोग उपस्थित थे।

  • कुमाऊं के तीन दिवसीय दौरे पर रहेंगे कैबिनेट मंत्री डॉ. धन सिंह रावत

    कुमाऊं के तीन दिवसीय दौरे पर रहेंगे कैबिनेट मंत्री डॉ. धन सिंह रावत

    बुधवार से कुमाऊं मंडल के नर्सिंग अधिकारियों को बांटेंगे नियुक्ति पत्र

    कुमाऊं विश्वविद्यालय के 18वें दीक्षांत समारोह में भी करेंगे प्रतिभाग

    देहरादून। सूबे के कैबिनेट मंत्री डॉ. धन सिंह रावत कुमाऊं मंडल के नवनियुक्त नर्सिंग अधिकारियों को बुधवार से नियुक्ति पत्र वितरित करेंगे। वह आगामी 17 जनवरी से लेकर 19 जनवरी तक कुमाऊं मंडल के तीन दिवसीय दौरे पर रहेंगे। इस दौरान वह नैनीताल में कुमाऊं विश्वविद्यालय के 18वें दीक्षांत समारोह में प्रतिभाग कर छात्र-छात्राओं को उपाधियां प्रदान करेंगे। इसके अलावा वह विभिन्न कार्यक्रमों में भी शिरकत करेंगे।

    अपने दिल्ली दौरे पर रवाना होने से पहले कैबिनेट मंत्री डा. धन सिंह रावत ने मीडिया को जारी बयान में बताया कि वह गढ़वाल मंडल के बाद अब कुमाऊं मंडल के नव नियुक्त नर्सिंग अधिकारियों को नियुक्ति पत्र सौंपेंगे। जिसकी शुरूआत वह बुधवार से चम्पावत जनपद से करेंगे। डा. रावत ने बताया कि प्रदेश की स्वास्थ्य सेवाओं में व्यापक सुधार के दृष्टिगत सरकार ने नर्सिंग अधिकारियों को सूबे की विभिन्न चिकित्सा इकाईयों में नियुक्तियां दी है ताकि स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत कर आम लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराई जा सके। डा. रावत ने बताया कि वह दिल्ली प्रवास से सीधे कुमाऊं मंडल के दौरे पर निकलेंगे, जहां वह 17 जनवरी से लेकर 19 जनवरी 2024 तक विभिन्न कार्यक्रमों में प्रतिभाग करेंगे। कुमाऊं मंडल के तीन दिवसीय भ्रमण के दौरान डा. रावत बुधवार को सबसे पहले चम्पावत जनपद में स्वास्थ्य विभाग द्वारा आयोजित कार्यक्रम में प्रतिभाग करेंगे जहां पर वह नव नियुक्त नर्सिंग अधिकारियों को नियुक्त पत्र सौंपेंगे। इसके उपरांत वह भारतीय जनता पार्टी की चम्पावत ईकाई के जिला अध्यक्ष निर्मल मेहरा के आवास पर पार्टी कार्यकर्ताओं से मुलाकात करेंगे। इसके बाद वह पिथौरागढ़ जनपद में आयोजित कार्यक्रम में नर्सिंग अधिकारियों को नियुक्ति पत्र वितरित करेंगे।

    गुरूवार को कैबिनेट मंत्री डॉ. धन सिंह रावत अल्मोड़ा जिला मुख्यालय में आयोजित स्वास्थ्य विभाग के कार्यक्रम में बागेश्वर तथा अल्मोड़ा दोनों जनपदों में नियुक्त नर्सिंग अधिकारियों को नियुक्ति पत्र बांटेंगे। इसके उपरांत वह नैनीताल में नव नियुक्त नर्सिंग अधिकारियों को उनके नियुक्ति पत्र सौंपेंगे। डा. रावत इसके बाद नैनीताल क्लब के सभागार में राजकीय विश्वविद्यालयों के कुलपतियों की बैठक लेंगे। जिसमें वह महाविद्यालयों व विश्वविद्यालयों में लागू एक प्रदेश, एक प्रवेश, एक परीक्षा, एक परिणाम, एक दीक्षांत व एक चुनाव के कॉसेप्ट के साथ-साथ अन्य महत्वपूर्ण मुद्दों की समीक्षा करेंगे।

    तीन दिवसीय भ्रमण कार्यक्रम के दौरान शुक्रवार को कैबिनेट मंत्री डॉ. धन सिंह रावत डी0एस0बी0 परिसर नैनीताल में आयोजित कुमाऊं विश्वविद्यालय के 18वें दीक्षांत समारोह में प्रतिभाग करेंगे जहां वह विश्वविद्यालय से पास आउट छात्र-छात्राओं को उपाधियां प्रदान करेंगे। इसके बाद वह ऊधमसिंह नगर में आयोजित स्वास्थ्य विभाग के कार्यक्रम में नवनियुक्त नर्सिंग अधिकारियों को नियुक्ति पत्र वितरित करेंगे।